By रेनू तिवारी | Feb 03, 2026
भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंधों में एक नए युग का सूत्रपात हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच हुई सफल वार्ता के बाद, दोनों देशों ने एक बड़े व्यापार समझौते पर सहमति व्यक्त की है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने इस कदम का स्वागत करते हुए इसे दोनों देशों की अर्थव्यवस्थाओं के लिए 'गेम चेंजर' बताया है।
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते का स्वागत करते हुए मंगलवार को कहा कि इससे दोनों देशों की अर्थव्यवस्थाओं के विकास को गति मिलेगी और देश के मेक इन इंडिया प्रयासों को मजबूती मिलेगी। जयशंकर महत्वपूर्ण खनिज आपूर्ति श्रृंखला पर अमेरिका के नेतृत्व में हो रही मंत्रिस्तरीय बैठक में भाग लेने के लिए तीन दिवसीय अमेरिकी यात्रा पर हैं। विदेश मंत्री ने कहा कि वह ‘‘द्विपक्षीय व्यापार पर की गई घोषणाओं का स्वागत करते’’ हैं।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से बातचीत के बाद कहा कि भारत और अमेरिका के बीच एक व्यापार समझौते पर सहमति बन गई है, जिसके तहत अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर लगने वाला जवाबी शुल्क मौजूदा 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत करेगा। जयशंकर ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘इससे अधिक नौकरियां पैदा होंगी, विकास को बढ़ावा मिलेगा और दोनों अर्थव्यवस्थाओं में नवोन्मेष को प्रोत्साहन मिलेगा। इससे ‘मेक इन इंडिया’ के प्रयास मजबूत होंगे और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में विश्वसनीय संबंधों को बढ़ावा मिलेगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हमारे आर्थिक सहयोग में अपार संभावनाएं हैं और हमें विश्वास है कि हम उन्हें साकार कर लेंगे। एक मजबूत आर्थिक संबंध हमारी रणनीतिक साझेदारी की सबसे मजबूत नींव है।’’ व्यापार समझौते की घोषणा के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि उन्हें यह जानकर बेहद खुशी हुई कि अब ‘मेड इन इंडिया’ उत्पादों पर शुल्क घटकर 18 फीसदी रह जाएगा।
मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘आज अपने प्रिय मित्र राष्ट्रपति ट्रंप से बात करके बहुत अच्छा लगा। इस बात की खुशी है कि अब ‘मेड इन इंडिया’ उत्पादों पर शुल्क घटकर 18 फीसदी रह जाएगा। इस शानदार घोषणा के लिए भारत की 1.4 अरब जनता की ओर से राष्ट्रपति ट्रंप को हार्दिक धन्यवाद।