Uttarakhand: चमोली में जुम्मागाड़ नदी में बाढ़ से पुल बहा, एक दर्जन से अधिक गांवों का संपर्क टूटा

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 11, 2023

गोपेश्वर। उत्तराखंड के चमोली जिले के सीमावर्ती इलाके में बरसाती नदी जुम्मागाड़ में अचानक आई बाढ़ में उस पर बना पुल बह गया जिससे भारत—तिब्बत सीमा को जोड़ने वाली सड़क बंद हो गयी तथा एक दर्जन से अधिक सीमांत गांवों का संपर्क टूट गया। जोशीमठ से करीब 45 किलोमीटर दूर जोशीमठ—नीति राजमार्ग पर स्थित जुम्मा गांव के पास बहने वाली जुम्मागाड़ नदी में सोमवार देर शाम आई बाढ़ का कहर देर रात तक जारी रहा जिसमें उस पर बना पुल भी बह गया। इससे भारत—तिब्बत सीमा को जोड़ने वाली जोशीमठ-मलारी सीमा सड़क बंद हो गई तथा एक दर्जन से अधिक सीमांत गांवों का आवागमन संपर्क ठप हो गया।

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अन्य जानकार नदी के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में ग्लेशियरों के पिघलने को भी इसका संभावित कारण मान रहे हैं। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बाढ़ के साथ मिट्टी और भारी पत्थर भी बहकर आ रहे थे और उनमें से एक पत्थर पुल पर अटक गया जो पुल के साथ ही बाढ़ के पानी में बह गया। जुम्मा में इसी नदी पर कई साल पहले राज्य सरकार की एक जल विद्युत परियोजना बनी थी लेकिन उसके क्षतिग्रस्त होने के कारण कई दशकों के बाद भी यह परियोजना बिजली तैयार नहीं कर पायी। अब यहां एक अन्य बड़ी जल विद्युत परियोजना का निर्माण शुरू करने को लेकर हाल में प्रदेश के मुख्य सचिव सुखबीर सिंह संधु प्रधानमंत्री कार्यालय के अधिकारियों से मिले थे। टीएचडीसी द्वारा तैयार की जाने वाली इस परियोजना पर 2013 की आपदा के बाद से रोक लगी हुई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यदि परियोजना तैयार हो चुकी होती तो 2021 के रैणी हादसे की तरह इसके बैराज और उसमें जमा पानी के कारण बाढ़ की विभीषिका और बढ़ सकती थी।

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