वाजपेयी बड़े हृदय के व्यक्ति थे, मोदी की तरह नहीं थे: अजय राय

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | May 17, 2019

वाराणसी। उत्तर प्रदेश की वाराणसी लोकसभा सीट से कांग्रेस के उम्मीदवार अजय राय ने कहा है कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी बड़े हृदय के व्यक्ति थे जो सबको साथ लेकर चलते थे। वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरह नहीं थे। पूर्व भाजपा नेता ने वाराणसी से सांसद मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि इस बार का चुनाव 2014 के मुकाबले आसान है। राय ने वाराणसी सीट पर रविवार को होने वाले मतदान से पहले कहा, ‘‘इस बार का चुनाव पिछली बार के चुनाव के मुकाबले आसान है क्योंकि लोग मोदी जी के लंबे तथा झूठे वायदों को देख चुके हैं और उन्होंने कुछ नहीं किया है।’’ राय ने पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत अटल बिहारी वाजपेयी की काफी सराहना की। कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘मैं भाजपा में था। मैं मंत्री भी था। यह अटल बिहारी वाजपेयी की भाजपा थी। यह मोदी और अमित शाह की भाजपा नहीं थी जो कॉरपोरेट संस्कृति पर चलती है और अपने नेताओं का सम्मान नहीं करती।’’ उन्होंने कहा कि इस नयी भाजपा ने अपने पुराने नेताओं-लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी का सम्मान नहीं किया।

 

राय ने वाजपेयी को याद करते हुए कहा कि वह बिल्कुल अलग तरह के नेता थे। उन्होंने कहा, ‘‘वाजपेयी बड़े हृदय के व्यक्ति थे जो हर किसी को साथ लेकर चलते थे।’’ राय के राजनीतिक करियर की शुरुआत भाजपा की छात्र इकाई अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के सदस्य के रूप में हुई थी। वह 1996 और 2007 के बीच तीन बार भाजपा के टिकट पर उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य बने। भाजपा द्वारा 2009 में लोकसभा का टिकट न दिए जाने पर वह समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए थे और बाद में कांग्रेस का दामन थाम लिया।

इसे भी पढ़ें: गोडसे पर प्रज्ञा के विवादास्पद बयान से शिवराज ने काटी कन्नी

वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में उन्होंने वाराणसी सीट से चुनाव लड़ा था, लेकिन महज 75 हजार वोट ही हासिल कर पाए थे और तीसरे नंबर पर रहे थे। वह दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल से पीछे थे और जमानत जब्त करा बैठे थे। वाराणसी सीट से 2014 में मोदी विजयी हुए थे और उन्होंने केजरीवाल को 3.37 लाख वोटों से शिकस्त दी थी। भाजपा इस बार मोदी की जीत के अंतर को दोगुना करना चाहती है। इस बार मोदी के मुख्य प्रतिद्वंद्वी राय ही हैं जो मुस्लिम वोट मिलने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। राय भूमिहार समुदाय से हैं और ब्राह्मणों में भी उनकी अच्छी पैठ है। वाराणसी में भूमिहारों और ब्राह्मणों की संख्या अच्छी-खासी है, लेकिन दोनों ही समुदाय परंपरागत रूप से भाजपा के समर्थक रहे हैं।

प्रमुख खबरें

Ebola का खतरा बढ़ा! विदेश से आने वालों के लिए सरकार ने लॉन्च किया AIR SUVIDHA 2.0 पोर्टल

PMO के दखल के बाद भी Ram Mandir Trust का इनकार, नहीं देंगे फाइनेंशियल रिकॉर्ड

India vs Ireland T20I मैच के समय में बड़ा बदलाव, Womens Team के लिए लिया गया अहम फैसला

AAP MP Sanjay Singh का बड़ा दावा: Ram Mandir ज़मीन घोटाले के सबूत SIT को सौंपेंगे