By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 30, 2020
कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को भूमि पूजन के अवसर को सभी जातियों और धर्मों के लोगों को एक करने के अवसर के तौर पर प्रस्तुत करना चाहिए। मोइली ने कहा कि भगवान राम ने हमेशा समाज में सेतु बनाने का काम किया और वह कभी ‘‘आक्रामक’’ नहीं रहे। रामायण के किष्किंधा और लंका कांड का संदर्भ देते हुए उन्होंने कहा कि भगवान ने कभी इन दोनों क्षेत्रों को अयोध्या से नहीं जोड़ा और बल्कि उन्होंने तो सुग्रीव और विभीषण को राजा बनाया। मोइली ने कहा कि भगवान राम ने सभी को स्वतंत्रता दी थी। वह एक समावेशी समाज बनाना चाहते थे। इस तरह की अवधारणा पेश करनी होगी।