खाननेई का बदला विहीदी लेगा! अब खलीफा की घोस्ट फोर्स लड़ेगी

By अभिनय आकाश | Mar 02, 2026

ईरान में 47 साल पहले इस्लामिक शासन की शुरुआत हुई थी। 36 साल पहले शासन की कमान सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह खामनेई  ने यहां पर संभाली थी। इन सबके बीच आपको बता दें अमेरिका और इजराइल ने इस 47 साल के इस्लामिक शासन को 30 बम के जरिए पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया और 36 साल से ईरान पर यहां राज करने वाले खामने को मार डाला। यानी खामनेई शासन का अंत 30 बम से कर दिया गया। जिस वक्त तेहरान में अपने आवास में खामिनेई सीक्रेट मीटिंग कर रहे थे उस वक्त अमेरिका ने एक के बाद एक 30 बम के परसाए जिससे खामनेई को संभलने का मौका तक नहीं मिला। हमले के बाद खामनेई के परिसर की इमेज सामने आई है। जिसमें हमले से पहले किस कदर परिसर पूरी तरह आबाद दिखाई दे रहा है। लेकिन हमले के बाद सिर्फ मलबा और तबाही का मंजर दिखाई दे रहा है। 

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इस पूरे ऑपरेशन में एक चीज कॉमन है और वो है 30 का आंकड़ा। दावा है कि इस ऑपरेशन को 30 सेकंड में अंजाम दिया गया। 30 सेकंड के अंदर ही 30 टन वजन वाले 30 बम बरसाए गए और तीन अलग-अलग शहरों पर हुए इन हमलों में 30 से ज्यादा नेता और सैन्य कमांडर मारे गए। रिजीम चेंज करने के लिए किए गए इस ऑपरेशन में खामनेई की मौत तो हुई थी लेकिन दावा है कि सुप्रीम लीडर के परिवार के कई सदस्य भी मारे गए हैं। यानी 30 सेकंड के हमले में खामिनई का आधा कुंडा खत्म कर दिया गया।  हमला प्लानिंग और पूरी स्ट्रेटजी के साथ किया गया। दावा है कि खामनेई की बेटी दामाद बहू और पोती की मौत हो गई है। हालांकि यह सामने नहीं आया है कि उनके नाम क्या है। 

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