By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Feb 11, 2019
नयी दिल्ली। चुनाव आयोग द्वारा दिल्ली के लोगों को मतदाता सूची के संबंध में "भ्रामक" कॉलों की जांच के लिए दिल्ली पुलिस से कहने के कुछ घंटे बाद मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग भाजपा के दफ्तर में तब्दील हो गया है, जिससे आप और भगवा दल में आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। दिल्ली प्रदेश भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी ने आप की मान्यता रद्द करने की मांग करते हुए आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ पार्टी आप के स्वयंसेवक लोगों को फोन करके बता रहे हैं कि उनका नाम मतदाता सूची से हटा दिया गया है और पार्टी संयोजक उन्हें फिर से जोड़ रहे हैं।
उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘ भारत के संविधान का सम्मान नहीं करने वाले एक राजनीतिक दल द्वारा गंभीर अपराध किया गया है। नागरिकों को गुमराह करने और समाज में अशांति पैदा करने की कोशिश के लिए आम आदमी पार्टी की मान्यता रद्द की जानी चाहिए। दिल्ली पुलिस को कई प्राथमिकियां दर्ज करनी चाहिए और दोषियों को दंडित किया जाना चाहिए।’’