ट्रंप ने वॉर मशीन निकाली तो ईरान में हुई चीनी विमान की सीक्रेट लैंडिंग, हिला अमेरिका!

By अभिनय आकाश | Jan 16, 2026

अमेरिकी की चलती फिरती वॉर मशीन दक्षिण चीन सागर से सेंट्रल कमांड यानी सेंट कॉम की ओर बढ़ती चली आई। वो जगह जहां से मध्य पूर्व और आसपास के देशों में नजर रखने के साथ ही सैन्य अभियानों की जिम्मेदारी संभालता है। यहां गौर करना जरूरी है कि मध्य पूर्व में ईरान भी शामिल है। जिससे फिलहाल अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की रस्साकशी चल रही है। ऐसे में कैरियर स्ट्राइक के मूवमेंट की पुष्टि पेंटागन की तरफ से की गई है। असल में सेंटकॉम अमेरिकी सेना का एक खास कमांड है। ये युद्ध और सैन्य ऑपरेशन्स की प्लानिंग, आतंक विरोधी अभियान, मुश्किल हालातों में तुरंत सैन्य कार्रवाई की जिम्मेदारी संभालता है।

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उधर क़तर कुवैत और अल उदयद बेस से अमेरिकी ड्रोन और सर्विलांस ट्रेन एक्टिव हो गए। सबको लगने लगा ईरान अब फ्री एमटी स्ट्राइक करने जा रहा है। लेकिन असली कहानी यहां से शुरू होती है। जब पूरा ईरानी एयरस्पेस खाली था तभी रडार पर दो विमान दिखाई देते हैं। ध्यान दीजिए यह विमान ईरान के महान एयर के थे।  लेकिन उड़ान भरी थी दक्षिणी चीन से एक गोंगझऊ से। दूसरा शियान इलाके से। अब सवाल उठता है कि जब एरोस्पेस बंद है तो यह दो विमान कैसे अंदर आए? दरअसल अमेरिका पहले से दावा करता रहा है कि महान एयर का इस्तेमाल आईआरजीसी के लिए हथियार, मिसाइल, कैश और मिलिट्री इक्विपमेंट ट्रांसपोर्ट के लिए होता है। यानी यह कोई साधारण कमर्शियल फ्लाइट नहीं मानी जाती है। चीन ने पहले ईरान को एयर डिफेंस सिस्टम दिया था लेकिन मिसाइल्स नहीं। अब कयास लगाए जा रहे हैं कि चीन ने उसी सिस्टम के लिए इंटरसेप्टर मिसाइल्स भेज दी हैं जो सीधे इस्तेमाल होती है F35 F16 क्रूज मिसाइल और ड्रोन अटैक रोकने में।

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