आखिर लखीमपुर दौरे में पंजाब से जुड़े नेता क्यों हैं सभी दलों की पहली पसंद, राहुल चन्नी के साथ, संजय सिंह चीमा को लेकर हुए रवाना

By अभिनय आकाश | Oct 06, 2021

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में किसानों की मौत और उसके बाद भड़ी हिंसा मामले को लेकर योगी आदत्यिनाथ सरकार ने अपनी रणनीति में बड़ा बदलाव किया है। इससे पहले तक तक जहां विपक्षी दलों के नेताओं को लखीमपुर जाने से रोका जा रहा था। अब उत्तर प्रदेश प्रशासन ने सभी नेताओं को लखीमपुर जाने की अनुमति ने दी है। सभी राजनीतिक दल के नेता पांच लोगों के साथ पीड़ितों के परिवार से मिल सकते हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी-प्रियंका वाड्रा, आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह को लखीमपुर खीरी जाने की इजाजत दे दी है। 

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 बवाल का पंजाब की राजनीति से क्या है कनेक्शन

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार गाड़ी से कुचलकर मारने वाले 4 किसानों में से 3 सिख बताए जा रहे हैं। इसके अलावा पीलीभीत, अमरोहा, लखीमपुर जैसे यूपी के जिलों में सिखों की अच्छी खासी आबादी है। यहां सिख व्यापारी समुदाय है और खेती-किसानी से भी जुड़ा हुआ है। ऐसे में कांग्रेस हो या आम आदमी पार्टी इस इलाके का दौरा कर अपने राज्य में यह संदेश देना चाहते हैं कि वह सिखों के हितों के लिए तत्पर हैं।

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