By अभिनय आकाश | Jan 08, 2025
भारत से दुश्मनी करना बहुत ही महंगा पड़ सकता है। इस समय दो ऐसे मुल्क हैं, पहला कनाडा जिसके पीएम जस्टिन ट्रूडो को भारत से टकराने की सजा मिली है। अब उन्हें सत्ता भी गंवानी पड़ गई है। दूसरी तरफ हमारा पड़ोसी देश बांग्लादेश है। सत्ता का चेहरा तो मोहम्मद यूनुस हैं, लेकिन असल में वो कट्टरपंथियों के नायक बनते नजर आ रहे हैं। हाथों में लाठी-डंडें और जुबान पर अल्लाह हू अकबर के नारे के साथ यूनुस के कट्टरपंथी फौज या फिर कहे तालिबानी सेना बांग्लादेश में कत्लेआम मचाती नजर आ रही है। अफगानिस्तान के तालिबान की तरह धार्मिक कट्टरता का उन्माद खड़ा किया जा रहा है। यूनुस राज में बांग्लादेश कट्टरपंथियों का अड्डा बन चुका है। जिसकी गवाही वहां से आती रोज की खबरें दे रही हैं। बांग्लादेश के नील फमारी शहर में संगीत के दीवानों के लिए म्यूजिक कंसर्ट का आयोजन किया गया था। लेकिन उसका संगीत कंट्टरपंथियों को नहीं भाया तो उन्होंने म्यूजिक कंसर्ट को ही बंद करवा दिया।
ट्रूडो भी भारत के खिलाफ उलूल जुलूल बयानबाजी कर चुके हैं और इसलिए अब यूनुस भी घबरा रहे हैं। मोहम्मद यूनुस की घबराहट एक इंटरव्यू में भी सामने आई थी। जब उन्होंने कहा था कि अगर कैबिनेट में इतने सारे भारतीय मूल के सदस्य रहेंगे और दोनों के बीच इतना अच्छा संबंध रहेगा। तो नुकसान हो सकता है। अब ट्रूडो की तरह मोहम्मद यूनुस भी बांग्लादेश में हिंदुस्तान विरोधी ताकतों को हवा दे रहे हैं। कट्टर जमात पर नकेल कसने की बजाए हिंदुओं के कत्लेआम करने वालों को खुला लाइसेंस दे रहे हैं। लेकिन यूनुस शायद ये भूल गए कि भारत से दुश्मनी करने वाले कहीं के नहीं रहते।