By अनन्या मिश्रा | Jul 01, 2026
हर साल 01 जुलाई को नेशनल डॉक्टर्स डे मनाया जाता है। इस दिन पूरा देश डॉक्टर्स के प्रति अपनी कृतज्ञता और सम्मान व्यक्त करते हैं। हमारे देश में डॉक्टर को भगवान का दर्जा दिया जाता है। क्योंकि उनके हाथों में असंख्य जीवनों की धड़कनों की जिम्मेदारी होती है। जब किसी परिवार की उम्मीद टूटती है, तो सफेद कोट पहने एक डॉक्टर ही विश्वास का आखिरी आधार बनकर खड़ा दिखाई देता है। डॉक्टर्स मृत्यु और जीवन के बीच एक मजबूत दीवार की तरह होते हैं, जो निराशा में भी उम्मीद जगाने की कोशिश करते हैं। तो आइए जानते हैं इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम आदि के बारे में...
बता दें कि डॉ विधान चंद्र रॉय ने इंडियन मेडिकल एसोसिएशन और मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया की स्थापना में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। वहीं वर्तमान में भी यह संस्थाएं भारत में मेडिकल शिक्षा और मानकों की देखरेख करती हैं।
हर साल इस दिन एक खास थीम रखी जाती है। इस बार यानी की साल 2026 की थीम 'बिहाइंड द मास्क: हू हील्स द हीलर्स?' रखी गई है। यह थीम हेल्थ केयर के ऐसे पहलू पर रोशनी डालती है, जिस पर ध्यान नहीं दिया जाता है। अक्सर दूसरों के इलाज में डॉक्टर अपनी जिंदगी लगा देते हैं। ऐसे में उनको बर्नआउट, इमोशनल स्ट्रेस और लंबे समय तक काम करने और मानसिक समस्याओं से जुड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। वहीं यह थीम डॉक्टर्स के लिए बेहतर सपोर्ट सिस्टम, सहानुभूति और उनकी अपनी देखभाल पर जोर देती है।