By दिव्यांशी भदौरिया | Jan 30, 2026
जब शिशु 6 महीने का हो जाता है, तो माता-पिता अपने बच्चे की डाइट में हेल्दी और पौष्टिक चीजों को शामिल कर सकते हैं। यह डाइट शिशुओं के मानसिक और शारीरिक विकास में काफी मददगार साबित होते हैं। अक्सर पेरेंट्स भी अपने छोटे बच्चों को क्या खिलाएं, इन बातों को लेकर सदैव कंफ्यूज रहते हैं। ऐसे में रागी का सेवन बच्चों की सेहत के लिए काफी फायदेमंद हैं। जब आप रागी को अंकुरित करते हैं तो इसके पोषक तत्व और भी ज्यादा प्रभावी हो जाते हैं। शिशुओं की डाइट में अंकुरित रागी का सही तरीके से इस्तेमाल उनके शारीरिक और मानसिक विकास के लिए फायदेमंद माने जाते हैं। आइए जानते हैं शिशुओं को अंकुरित रागी खिलाने के क्या फायदे हैं।
शिशुओं के लिए अंकुरित रागी के फायदे
पाचन में आसान
अंकुरित रागी शिशुओं को नाजुक पाचन तंत्र के लिए हल्का और आसानी से पचने वाला होता है।
नॉर्मल रागी की तुलना में अंकुरित रागी पेट में गैस, अपच या कब्ज की समस्या को कम पैदा करती हैं। ऐसे में जिन बच्चों को नया फूड पचाने में दिक्कत होती है तो उनके लिए अंकुरित रागी बेहद ही फायदेमंद है।
हड्डियां मजबूत बनाएं
रागी में कैल्शियम की मात्रा सबसे अधिक पाई जाती है, जो शिशुओं की हड्डियों और दांतों के विकास के लिए काफी फायदेमंद मानी जाती है। बढ़ती हुई उम्र में मजबूत हड्डियां आगे चलकर बच्चों के शारीरिक विकास में मदद करता है।
एनीमिया से बचाव
अंकुरित रागी आयरन से भरपूर होती है, जो शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने में मदद करता है। शिशुओं में आयरन की कमी होने पर एनीमिया का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में अंकुरित रागी का नियमित सेवन आयरन की पूर्ति करने में सहायक होता है। यह न केवल एनीमिया से बचाव में मदद करता है, बल्कि बच्चे को स्वस्थ,सक्रिय और ऊर्जावान बनाए रखने में भी उपयोगी है।
इम्यूनिटी बढ़ाता है
रागी को अंकुरित करने से उसमें पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट्स और आवश्यक खनिज अधिक प्रभावी हो जाते हैं। ये पोषक तत्व शिशु की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाने में सहायक होते हैं। मजबूत इम्यूनिटी बच्चों को बार-बार होने वाले संक्रमण, सर्दी-जुकाम और अन्य सामान्य बीमारियों से सुरक्षित रखने में मदद करती है।
वजन बढ़ाने में फायदेमंद
जिन बच्चों का वजन कम होता है या जिनका शारीरिक विकास धीमा हो जाता है, उनके लिए अंकुरित रागी बेहद ही फायदेमंद मानी जाती है। इसमें पाए जाने वाला प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट और जरुरी फैट्स बच्चे को पर्याप्त एनर्जी देता है और स्वस्थ वजन बढ़ाने में मदद करते हैं।
मस्तिष्क विकास के लिए उपयोगी
अंकुरित रागी में अमीनो एसिड्स और जरुरी पोषक तत्व होते हैं, जो शिशु के दिमाग के विकास में फायदेमंद होते हैं। यह बच्चे की याददाश्त, एकाग्रता और सीखने की क्षमता को बेहतर बनाने में मदद कर सकती हैं।
अंकुरित रागी शिशुओं को कैसें खिलाएं?
शिशुओं को अंकुरित रागी खिलाने के लिए सबसे पहले रागी को अच्छी तरह से सुखाकर, भूनकर और इसे पीसकर महीन आटा बना लें। अब इसके आटे को पानी या मां के दूध के साथ पतली खीर या दलिया के रुप में तैयार कर सकते हैं। शुरुआत में एक या दो चम्मच से शुरु करें और फिर धीरे-धीरे इसकी मात्रा को बढ़ाएं।