‘जीवनयापन के खर्च’ के संकट की सबसे ज्यादा मार महिलाओं पर पड़ेगी : डब्ल्यूईएफ रिपोर्ट

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 14, 2022

जिनेवा| विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) ने बुधवार को वैश्विक श्रम शक्ति में बढ़ती लैंगिग असमानता की ओर इशारा करते हुए कहा कि ईंधन और खाद्य सामान की ऊंची कीमतों के कारण जीवनयापन के खर्च का संकट महिलाओं को सबसे ज्यादा प्रभावित करेगा। जिनेवा का यह शोध संस्थान दावोस में होने वाले अपने वार्षिक आयोजन के लिए चर्चित है। इसमें दुनियाभर नेता, उद्योगपति जुटते हैं।

डब्ल्यूईएफ का मानना है कि लैंगिंग समानता के लिए चार मुख्य चीजों..वेतन और आर्थिक अवसर, शिक्षा, स्वास्थ्य और राजनीतिक सशक्तीकरण पर ध्यान देना जरूरी है। इस रिपोर्ट में आइसलैंड को सबसे ज्यादा अंक मिले हैं।

उसके बाद कुछ नॉर्डिक देशों और न्यूजीलैंड का नंबर आता है। वहीं यूरोप की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था जर्मनी 146 देशों की सूची में 10वें स्थान पर है। इसके अलावा सूची में अमेरिका 27वें, चीन 102वें स्थान और जापान 116वें स्थान पर है।

डब्ल्यूईएफ की प्रबंध निदेशक सादिया जाहिदी का कहना है कि महामारी के दौरान श्रम बाजार के नुकसान की वजह से जीवनयापन की लागत का सबसे अधिक संकट महिलाओं पर पड़ा है।।

प्रमुख खबरें

World Cup Quarter Final से पहले England को तगड़ा झटका, दो मैच विनर खिलाड़ियों का खेलना मुश्किल!

डील कराने वाले कतर ने ही कर दी गद्दारी, ईरान ने फिर घुसकर मचाई तबाही

Smriti Mandhana ने रचा इतिहास, Lords में 300वां इंटरनेशनल मैच खेल सबसे युवा भारतीय महिला बनीं

Shraddha Walkar Case: तिहाड़ जेल में MA की परीक्षा देगा आफताब, Court ने रद्द की 20 जुलाई की सुनवाई