LPG सिलेंडरों की कालाबाजारी पर योगी सरकार का एक्शन! 1,483 ठिकानों पर छापेमारी, 24 FIR दर्ज और 6 गिरफ्तार

By रेनू तिवारी | Mar 14, 2026

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कड़े रुख के बाद राज्य प्रशासन ने एलपीजी सिलेंडर, पेट्रोल और डीजल की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कमर कस ली है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग ने जिला प्रशासन के साथ मिलकर प्रदेश भर में जमाखोरी और अनियमितताओं के खिलाफ एक बड़ा अभियान छेड़ दिया है। इस संबंध में उप्र के मुख्य सचिव एसपी गोयल ने सभी जिलाधिकारियों को पेट्रोल, डीजल और एलपीजी सिलेंडर की उपलब्धता बनाए रखने के लिए सभी जरूरी कदम उठाने के निर्देश जारी किए हैं।

इसे भी पढ़ें: Guwahati-Silchar Expressway: असम की दो घाटियों के बीच 'विकास का नया गलियारा'- दूरी, समय और आर्थिक बचत का पूरा गणित

उत्तर प्रदेश में कालाबाजारी के विरुद्ध तीव्र एवं सख्त कार्रवाई की जा रही है। उप्र सरकार ने शुक्रवार देर रात एक बयान में कहा कि इस अभियान के तहत, जिला स्तर पर कई प्रवर्तन टीम ने शुक्रवार को कुल 1,483 स्थानों पर निरीक्षण और छापेमारी की। इस कार्रवाई के दौरान एलपीजी वितरकों के खिलाफ चार प्राथमिकी दर्ज की गईं, जबकि एलपीजी गैस की कालाबाजारी में शामिल अन्य व्यक्तियों के खिलाफ 20 प्राथमिकी दर्ज की गईं। मौके से छह लोगों को गिरफ्तार किया गया जबकि 19 लोगों के खिलाफ मुकदमा शुरू किया गया है।

इसे भी पढ़ें: Himachal Pradesh में मिड-डे मील पर नहीं पड़ेगा संकट! शिक्षा मंत्री Rohit Thakur ने कहा- 'LPG की कोई कमी नहीं, सरकार पूरी तरह सतर्क'

राज्य में कार्यरत 4,108 एलपीजी गैस वितरकों के माध्यम से उपभोक्ताओं को उनकी बुकिंग के अनुसार खाली सिलेंडर के बदले भरे हुए सिलेंडर की आपूर्ति सुनिश्चित की गई है। बयान में कहा गया है कि वितरकों के पास एलपीजी सिलेंडरों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आवश्यकतानुसार घरेलू एलपीजी रिफिल की आपूर्ति की जा रही है। भारत सरकार ने वाणिज्यिक सिलेंडरों के लिए कुल खपत का 20 प्रतिशत तक आवंटन की अनुमति दी है, ताकि होटल, रेस्तरां और अन्य वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को गैस आपूर्ति अप्रभावित रहे।

आपूर्ति व्यवस्था की निगरानी और किसी भी समस्या का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के लिए, पेट्रोलियम उत्पादों के वितरण से संबंधित सूचनाओं के आदान-प्रदान के लिए खाद्य आयुक्त के कार्यालय में 24 घंटे सक्रिय नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। वहां खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारियों को तैनात किया गया है। राज्य भर के सभी जिलों में नियंत्रण कक्ष भी स्थापित किए गए हैं।

उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जिला आपूर्ति कार्यालय और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी लगातार क्षेत्र में भ्रमण कर रहे हैं। बयान में कहा गया है कि सरकार का प्रयास यह सुनिश्चित करना है कि राज्य के हर हिस्से में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की आपूर्ति निर्बाध रहे और आम जनता को कोई असुविधा नहीं हो।

प्रमुख खबरें

Prabhasakshi NewsRoom: Maharashtra में Love Jihad या अवैध धर्म परिवर्तन कराने वालों की अब खैर नहीं, सरकार लाई सख्त कानून

Ekadashi Vrat 2026:पापमोचनी एकादशी पर भगवान विष्णु को अर्पित करें ये खास चीजें, जानें Puja Samagri और सही विधि

Rahul Gandhi ने कांशी राम को किया याद, भड़कीं Mayawati बोलीं- Congress की चाल से सतर्क रहें

Nitish Kumar के बाद Bihar की कमान किसके हाथ? JDU सांसद बोले- NDA आलाकमान करेगा फैसला