अयोध्या के लिए योगी-मोदी का मास्टरप्लान तैयार

By अभिनय आकाश | Dec 04, 2019

दुनिया में ईसाई धर्म के 230 करोड़ अनुयायी हैं। और उनका सबसे बड़ा धार्मिक स्थल वैटिकन  में मौजूद सेंट पीटर बेसिलिका। इसका परिसर करीब 108 एकड़ में है। इसी तरह सऊदी अरब के मक्का में मुसलमानों का सबसे बड़ा पवित्र धर्मस्थल है। इस धर्म को विश्व में 180 करोड़ लोग मानते हैं। इसी तरह अब इंतजार है राम मंदिर के निर्माण का। आपको बता दें कि दुनिया में करीब 110 करोड़ लोग हिंदू धर्म के अनुयायी हैं। और अब इनकी इच्छा है कि बाकी धर्मों की तरह इनके लिए भी एक भव्य मंदिर का निर्माण हो।

 

रावण का वध करने के बाद..उनके छोटे भाई लक्ष्मण ने उनसे कहा था कि लंका बहुत सुंदर जगह और हमें यहीं रुक जाना चाहिए। लेकिन तब राम ने उन्हें कहा था कि पराई धरती कितनी भी सुंदर हो...वो जन्मभूमि से बढ़कर नहीं हो सकती। भगवान राम ने कहा था कि जन्मभूमि स्वर्ग से भी बढ़कर होती है।

इसे भी पढ़ें: बुलंद भारत की डर वाली तस्वीर के पीछे का सच क्या है?

अयोध्या अब हसरत भरी निगाहों से देख रहा है। सुप्रीम कोर्ट ने रामलला के नाम जमीन के हक पर हस्ताक्षर तो कर दिए हैं लेकिन वो तब तक अधूरा है जबतक भव्य राम मंदिर अस्तित्व में नहीं आ जाता। साधु-संत कह रहे हैं कि जब भव्य मंदिर बनेगा तब बनेगा। फिलहाल रामलला को तंबू से आजादी दिलाई जाए। अयोध्या में राम मंदिर को हकीकत बनने की हसरत अब इंतजार करने को तैयार है। लेकिन यूपी की योगी सरकार और केंद्र की मोदी सरकार की भी अपनी तैयारी है। अयोध्या को अद्भुत बनाने का प्लान तैयार हो रहा है। मोदी-योगी के नए अयोध्या में सब कुछ होगा। दरअसल, 26 नवंबर को वाराणसी में संस्कृति, पर्यटन और अन्य विभागों के अधिकारियों ने PWC के ब्लू प्रिंट का प्रेजेंटेशन संघ के बड़े नेताओं के सामने दिया था। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक बंद दरवाजे के अंदर 3 घंटे इसको लेकर बैठक हुई। हालांकि मीटिंग बुलाई तो गई थी काशी के विकास पर चर्चा के लिए, लेकिन मुख्य मुद्दा अयोध्या ही था। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ इस मीटिंग में उपस्थित थे और सभी अयोध्या को अलौकिक धार्मिक स्थल बनाने को लेकर एकमत थे। तो आइए जानते हैं कैसी होगी मोदी-योगी के सपनों की अयोध्या-

 

नए अयोध्या में इंटरनेशलन एयरपोर्ट बनाया जाएगा।

बस टर्मिनल का निर्माण किया जाएगा।

फाइव स्टार होटल और रिजार्ट होगा।

सरयू में क्रूज का भी निर्माण किया जाएगा।

 

तो योगी सरकार अयोध्या की कायापलट करने को कमर कस चुकी है। अयोध्या को आधुनिक बनाने का खाका भी खींचा जा चुका है। अयोध्या को औलोकिक बनाने का क्या है मास्टरप्लान इस पर भी जरा गौर कर लीजिए।

 

अयोध्या से फैजाबाद के बीच 5 किलोमीटर का फ्लाई ओवर बनेगा। 

अयोध्या में 10 अत्याधुनिक रिजार्ट और फाइव स्टार होटल होंगे।

अयोध्या में गौशाला, धर्मशाला और वैदिक संस्थान बनेंगे।

राम नगरी अयोध्या में 10 श्री राम द्वार बनाए जाएंगे।

श्रद्धालुओं के लिए 10 हजार रैन बसेरा बनाए जाएंगे।

भगवान राम से जुड़े सभी तालाबों का जीर्णोद्धार होगा।

 

कहा ये भी जा रहा है कि अयोध्या में रेलवे स्टेशन को बड़ा किया जाएगा जिसके लिए 100 करोड़ रुपए की मंजूरी मिल चुकी है।

इसे भी पढ़ें: क्या आप सेक्युलर का सही अर्थ जानते हैं

सुप्रीम कोर्ट के फैसले ने अयोध्या के विकास की संभावना को खुला आसमान दे दिया है। योगी मोदी सरकार अयोध्या को नंबर 1 तीर्थ स्थल बनाने की तैयारी में है। इसके लिए अयोध्या का सबसे बड़े धार्मिक नगरी के रुप में विकास होगा। अयोध्या तीर्थ डेवलपमेंट बोर्ड का जल्द ही गठन होगा। 13 किलोमीटर लंबा श्री राम कारिडोर बनाने का भी प्लान है। इसके अलावा मंदिर के आस-पास के घरों की भी रूप रेखा में बदलाव कर उसे सजाया और संवारे जाने की भी खबर है। साथ ही अयोध्या से जनकपुर के लिए सीधी बस सर्विस शुरु होगी। 3 हजार से ज्यादा शहर बस सेवा से अयोध्या से सीधे जुड़ेंगे। नई अयोध्या के प्लान में घने जंगलों के बीच में ऋषि-मुनियों और साधकों के लिए सरयू किनारे आश्रम बनाने की योजना है यह शहर पूरी तरह से वैदिक संस्कृति से भरा होगा। मूल रूप से वाल्मीकि रामायण में दिए गए घने जंगलों की तरह ही इनके अरण्य विकसित किए जाएंगे। दंडकारण्य विंध्यारण्य, वेदारण्यम और धमारण्य इन अरण्यों के नाम होंगे जबकि पम्पा और नारायणा नाम की दो झील और सरोवर होंगे।

 

इसके अलावा अयोध्या के गुप्तार घाट से ब्रह्मकुंड गुरुद्वारे तक सरयू नदी के किनारे के पूरे क्षेत्र को इक्ष्वाकुपुरी ग्रीन सिटी के तौर पर विकसित करने की योजना है। सरकार ने अयोध्या में सरयू नदी के किनारे इक्ष्वाकुवंश के प्रतापी राजाओं, मनु, इक्ष्वाकुरघु, हरिश्चंद्र, दिलीप, भगीरथ, अज, दशरथ के व्यक्तित्व और उनके कृतित्व से जनमानस को परिचित कराने के लिए इक्ष्वाकुपुरी योजना पर काम शुरू कर दिया है। इस परियोजना पर 2,000 करोड़ रुपये से अधिक की लागत आने की संभावना है। इस योजना का प्रजेंटेशन सीएम योगी आदित्यनाथ के सामने हुआ।

इसे भी पढ़ें: गोडसे की वो इच्छा जिसकी चाह में 71 साल बाद भी अस्थियां रखी हैं सुरक्षित

भाई चारे का संदेश देगा ट्रस्ट 

अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए गठित किए जाने वाला ट्रस्ट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इच्छा के अनुरूप भारतीयता और भाईचारे का संदेश देने वाला होगा। ट्रस्ट के सदस्य के तौर पर नामचीन मुस्लिम हस्ती की तलाश शुरू हो गई है। विवादास्पद ढांचे के विध्वंस के बाद अयोध्या न जाने वाले पीएम मोदी खुद मंदिर का शिलान्यास कर सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश से बनने वाला ट्रस्ट सोमनाथ मंदिर निर्माण ट्रस्ट (6 सदस्यीय) की तरह ही काम करेगा। हालांकि यह उससे काफी बड़ा होगा। गृह मंत्री या पर्यटन मंत्री को इसका अध्यक्ष बनाया जा सकता है और इसके सदस्यों की संख्या 20 से ज्यादा हो सकती है। ट्रस्ट कब बनेगा ये हमें जल्द ही पता लग जाएगा मगर ट्रस्ट और उस ट्रस्ट का अध्यक्ष कौन होगा? इसपर राम जन्मभूमि न्यास ने बड़ा बयान दिया है। राम जन्मभूमि न्यास ने कहा है कि अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण की निगरानी करने वाले ट्रस्ट की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करें। न्यास का मानना है कि आदित्यनाथ को गोरक्षा पीठ के महंत के तौर पर ट्रस्ट की अध्यक्षता करनी चाहिए न कि मुख्यमंत्री के तौर पर।

 

इससे पहले सीएम योगी भगवान श्री राम की विशालकाय मूर्ति और डिजिटल म्यूजियम निर्माण जैसी बड़ी प्रक्रिया को हरी झंडी दे चुके हैं। जिसके मुताबिक प्रस्‍तावित म्‍यूजियम में भगवान विष्णु के सभी अवतारों के विवरण सहित “भारत के समस्‍त सनातन धर्म” के विषय में आधुनिक तकनीक पर प्रदर्शन की व्यवस्था की जाएगी। 

 

ये वो अयोध्या होगी जो राम की नगरी का सही मायने में प्रतीक होगी। राम मंदिर की राह पर अगर सरकार की योजना के मुताबिक सब कुछ सही रहा तो कलयुग के मानव त्रेता युग की अवध नगरी देख पाएंगे।

 

- अभिनय आकाश

 

All the updates here:

प्रमुख खबरें

Olympic Ice Hockey में Team Canada का तूफान, France को 10-2 से रौंदकर मचाया तहलका।

IND vs PAK मैच में हार का डर? बीच में ही स्टेडियम छोड़कर निकले PCB चीफ Mohsin Naqvi

T20 World Cup: भारत से हार के बाद पाकिस्तान में गुस्सा, प्रशंसकों ने टीम पर उठाए सवाल

IND vs PAK: महामुकाबला बना एकतरफा, Team India ने Pakistan को 61 रन से धोकर 8-1 की बढ़त बनाई।