By डॉ. अनिमेष शर्मा | Jul 30, 2026
शॉर्ट वीडियो प्लेटफॉर्म की दुनिया में लगातार प्रतिस्पर्धा बढ़ रही है। ऐसे में YouTube अपने यूजर्स को बेहतर अनुभव देने के लिए लगातार नए प्रयोग कर रहा है। अब कंपनी ने YouTube Shorts के लिए कई बड़े अपडेट्स की घोषणा की है, जिनका उद्देश्य वीडियो देखने को अधिक सरल, तेज और व्यक्तिगत बनाना है। कंपनी का कहना है कि ये बदलाव यूजर्स से मिले फीडबैक के आधार पर तैयार किए गए हैं और इन्हें चरणबद्ध तरीके से सभी यूजर्स के लिए जारी किया जाएगा।
इस फीचर को सक्रिय करने पर कुछ समय के लिए स्क्रीन पर मौजूद सभी इंटरफेस एलिमेंट गायब हो जाएंगे। इससे यूजर का पूरा ध्यान सिर्फ वीडियो कंटेंट पर रहेगा। खासतौर पर ट्रैवल, सिनेमैटिक और एजुकेशनल वीडियो देखने वाले यूजर्स के लिए यह फीचर काफी उपयोगी साबित हो सकता है।
आज की तेज रफ्तार जिंदगी में लोग कम समय में ज्यादा जानकारी हासिल करना चाहते हैं। इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए YouTube Shorts में प्लेबैक स्पीड कंट्रोल जोड़ा जा रहा है।
अब यूजर्स किसी भी शॉर्ट वीडियो को 2X स्पीड यानी दोगुनी गति से देख सकेंगे। यह फीचर उन लोगों के लिए काफी फायदेमंद होगा जो न्यूज़, ट्यूटोरियल, टिप्स या जानकारी से जुड़े लंबे शॉर्ट वीडियो जल्दी देखना चाहते हैं। इससे समय की बचत के साथ कंटेंट की खपत भी अधिक प्रभावी होगी।
YouTube ने वीडियो देखने को और ज्यादा सुविधाजनक बनाने के लिए कुछ अतिरिक्त टूल्स भी जोड़े हैं। अब यूजर्स स्क्रीन पर टैप करके वीडियो को रोक सकेंगे और जरूरत पड़ने पर म्यूट आइकन के जरिए ऑडियो बंद भी कर सकेंगे।
इसके अलावा कंपनी नया "Shorts Timer" फीचर भी ला रही है। इसकी मदद से यूजर्स अपने देखने के समय को बेहतर तरीके से नियंत्रित कर पाएंगे। टाइमर को जीरो पर सेट करने का विकल्प भी मिलेगा, जिससे उपयोगकर्ता अपनी सुविधा के अनुसार वीडियो देखने की अवधि तय कर सकेंगे।
YouTube ने कंटेंट इंटरैक्शन के तरीके में भी बड़ा बदलाव किया है। कंपनी Shorts प्लेयर से पारंपरिक "Dislike" बटन को हटाने की तैयारी कर रही है।
कंपनी के मुताबिक, डेटा विश्लेषण में पाया गया कि डिसलाइक बटन के पीछे यूजर्स की मंशा हमेशा स्पष्ट नहीं होती थी। कई बार लोग खराब ऑडियो के कारण डिसलाइक करते थे, तो कई बार केवल इसलिए क्योंकि उन्हें विषय पसंद नहीं आता था। ऐसे में इस संकेत का इस्तेमाल सटीक सिफारिशें देने के लिए प्रभावी नहीं माना गया।
Dislike बटन हटाने के बाद YouTube अब अधिक सटीक क्यूरेशन टूल्स पर फोकस करेगा। यूजर्स को "Not Interested" और "Don't Recommend This Channel" जैसे विकल्प दिए जाएंगे। इन फीचर्स की मदद से लोग आसानी से यह बता सकेंगे कि वे किस तरह का कंटेंट नहीं देखना चाहते।
इससे YouTube का रिकमेंडेशन एल्गोरिदम यूजर की पसंद को बेहतर ढंग से समझ पाएगा और अधिक प्रासंगिक वीडियो सुझाएगा। वहीं, कम्युनिटी गाइडलाइंस का उल्लंघन करने वाले वीडियो को रिपोर्ट करने का विकल्प पहले की तरह उपलब्ध रहेगा।
YouTube के नए अपडेट्स यह दिखाते हैं कि कंपनी केवल नए फीचर्स जोड़ने पर नहीं, बल्कि यूजर एक्सपीरियंस को अधिक साफ, व्यक्तिगत और नियंत्रित बनाने पर भी ध्यान दे रही है। क्लियर स्क्रीन मोड, 2X प्लेबैक, म्यूट कंट्रोल और स्मार्ट रिकमेंडेशन जैसे फीचर्स आने वाले समय में YouTube Shorts को पहले से कहीं अधिक उपयोगी और आकर्षक बना सकते हैं।
- डॉ. अनिमेष शर्मा