Iran में Khamenei की मौत के बाद सत्ता बेटे को, घायल Supreme Leader मोजतबा के सामने US-Israel की चुनौती

By Ankit Jaiswal | Mar 10, 2026

पश्चिम एशिया में जारी भीषण संघर्ष के बीच ईरान की सत्ता में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के कुछ ही दिनों बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को देश का नया सर्वोच्च नेता नियुक्त किया गया।

बता दें कि अट्ठाईस फरवरी को हुए इस हमले में ईरान की सत्ता के शीर्ष नेतृत्व को निशाना बनाया गया था। इस कार्रवाई में अली खामेनेई के अलावा उनके परिवार के कई सदस्य भी मारे गए बताए जा रहे हैं।

गौरतलब है कि नए सर्वोच्च नेता बनने के बाद मोजतबा खामेनेई को लेकर कई तरह की खबरें सामने आ रही हैं। कुछ रिपोर्टों में कहा गया है कि चल रहे युद्ध के दौरान वे घायल भी हुए हैं।

मौजूद जानकारी के अनुसार ईरान के सरकारी प्रसारण माध्यम ने उन्हें रमजान युद्ध का घायल योद्धा बताया है। ईरान की मीडिया में इस समय चल रहे संघर्ष को रमजान युद्ध कहा जा रहा है। हालांकि इस बारे में विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।

इसी वजह से उनके स्वास्थ्य और स्थिति को लेकर कई तरह की अटकलें भी सामने आ रही हैं। अभी तक मोजतबा खामेनेई सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं और न ही उन्होंने मीडिया के सामने कोई बयान दिया है।

गौरतलब है कि मोजतबा खामेनेई को ईरान की कट्टरपंथी राजनीतिक धारा का प्रतिनिधि माना जाता है। उनका संबंध ईरान की प्रभावशाली क्रांतिकारी गार्ड से भी काफी करीबी बताया जाता है। बता दें कि अपने पिता के जीवित रहने के दौरान भी मोजतबा खामेनेई उनके कार्यालय के कामकाज में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। हालांकि उन्होंने अब तक किसी औपचारिक सरकारी पद पर कार्य नहीं किया था।

मौजूद जानकारी के अनुसार नए सर्वोच्च नेता की नियुक्ति के बाद ईरान के कई शहरों में लोगों को सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर एकत्र होने का आह्वान किया गया। राजधानी तेहरान में हजारों लोग नए नेता के समर्थन में एकत्र होते भी दिखाई दिए हैं।

हालांकि कुछ सामाजिक माध्यमों पर ऐसे वीडियो भी सामने आए हैं जिनमें कुछ लोग नए नेता के खिलाफ नारे लगाते हुए दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। इस बीच अमेरिका और इजरायल की ओर से भी मोजतबा खामेनेई की नियुक्ति पर तीखी प्रतिक्रिया दी गई है।

मौजूद जानकारी के अनुसार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उन्हें खामेनेई का बेटा स्वीकार्य नहीं है और वे ईरान में ऐसा नेतृत्व चाहते हैं जो देश में शांति और स्थिरता ला सके। वहीं इजरायल की ओर से भी मोजतबा खामेनेई को ईरान की मौजूदा कठोर नीतियों को आगे बढ़ाने वाला नेता बताया गया है।

गौरतलब है कि इस समय अमेरिका और इजरायल ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान चला रहे हैं। इस संघर्ष में ईरान के कई शीर्ष सैन्य अधिकारियों और ठिकानों को निशाना बनाया गया। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे समय में मोजतबा खामेनेई का सर्वोच्च नेता बनना उन्हें क्षेत्र की राजनीति में सबसे महत्वपूर्ण और साथ ही सबसे ज्यादा निशाने पर रहने वाला व्यक्ति बना देता है।

मौजूद जानकारी के अनुसार अमेरिका और इजरायल की रणनीति ईरान के शीर्ष नेतृत्व को कमजोर करने की रही है ताकि उसकी सैन्य और राजनीतिक संरचना को झटका दिया जा सके। ऐसे हालात में नए सर्वोच्च नेता का सार्वजनिक रूप से सामने न आना और उनके घायल होने की खबरें इस संघर्ष को लेकर अनिश्चितता और भी बढ़ा रही हैं।

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