By रितिका कमठान | Nov 30, 2024
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में लोगों का सांस लेना भी दुश्वार हो रहा है। दिल्ली और एनसीआर में वायु गुणवत्ता लगातार तीसरे दिन भी 'बहुत खराब' श्रेणी में बनी रही है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार शनिवार सुबह 7 बजे दिल्ली में एक्यूआई 349 दर्ज किया गया।
इंडिया गेट के पास एक साइकिल सवार ने एएनआई से बात करते हुए कहा, "प्रदूषण बहुत ज्यादा है, हम ठीक से सांस नहीं ले पा रहे हैं। सरकार को इस बारे में कुछ करने की जरूरत है। बुजुर्ग लोगों और मजदूरों के लिए स्थिति और भी खराब है, जो मौजूदा हालात के कारण काम नहीं कर पा रहे हैं।"
एक अन्य पैदल यात्री ने कहा कि सरकार को ईवी कारों में परिवर्तन करने का प्रयास करना चाहिए और पराली जलाने के लिए बेहतर तकनीक सीखनी चाहिए। पैदल यात्री ने कहा, "सरकार को वाहनों पर काम करना चाहिए और वर्तमान परिवहन को ईवी कारों में बदलने की कोशिश करनी चाहिए। सरकार को पराली जलाने की बेहतर तकनीक के बारे में भी सीखना चाहिए।"
स्कूल के छात्र अमोल ने कहा कि लोगों में जवाबदेही की कमी के कारण स्थिति और भी खराब हो गई है। उन्होंने कहा, "अगर सरकार बेहतर कदम उठाए तो बढ़ते प्रदूषण से ठीक से निपटा जा सकता है। प्रदूषण के अलावा यहां धूल भी एक बड़ी समस्या है। लोग इस स्थिति से सामान्य होने लगे हैं और यह एक चिंताजनक स्थिति है। सरकार द्वारा बनाए गए नियमों के लिए कोई जवाबदेही नहीं है। हमारे लोगों को भी परिस्थितियों के लिए जवाबदेह बनना शुरू करना होगा।" 0-50 के बीच एक्यूआई को अच्छा, 51-100 को संतोषजनक, 101-200 को मध्यम, 201-300 को खराब, 301-400 को बहुत खराब तथा 401-500 को गंभीर माना जाता है।