By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 13, 2026
न्यूयॉर्क में अमेरिकी ओपन के पुरुष एकल खिताब के लिए इस बार मुकाबला जर्मनी के एलेक्जेंडर ज्वेरेव और घरेलू पसंदीदा बेन शेल्टन के बीच होने जा रहा है। विश्व रैंकिंग में दूसरे स्थान पर मौजूद ज्वेरेव की नजर साल के दूसरे ग्रैंड स्लैम खिताब पर है, जबकि 23 वर्षीय शेल्टन पहली बार किसी बड़े टूर्नामेंट के खिताबी मुकाबले में उतरेंगे।
ज्वेरेव के लिए यह साल अब तक काफी सफल रहा है। उन्होंने जून में फ्रेंच ओपन का खिताब जीतकर अपने करियर का एक और बड़ा मुकाम हासिल किया। इसके बाद वह विंबलडन के फाइनल में भी पहुंचे, लेकिन वहां इटली के यानिक सिनर से हार गए। अब उनकी नजर अमेरिकी ओपन जीतकर एक ही साल में दूसरा ग्रैंड स्लैम अपने नाम करने पर है।
टोक्यो ओलंपिक के स्वर्ण पदक विजेता ज्वेरेव इससे पहले भी अमेरिकी ओपन के फाइनल में पहुंच चुके हैं। वर्ष 2020 में उन्होंने खिताबी मुकाबला खेला था, लेकिन ऑस्ट्रिया के डोमिनिक थिएम के खिलाफ जीत हासिल नहीं कर सके थे। ऐसे में इस बार उनके पास न्यूयॉर्क में अधूरी कहानी पूरी करने का मौका है।
दूसरी ओर, बेन शेल्टन ने अपने घरेलू मैदान पर शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में जगह बनाई है। अमेरिकी खिलाड़ी ने मौजूदा चैंपियन और विश्व रैंकिंग में तीसरे स्थान पर मौजूद स्पेन के कार्लोस अल्काराज को पांच सेट तक चले बेहद रोमांचक मुकाबले में हराया। यह मुकाबला अमेरिकी ओपन के इतिहास में सबसे देर से खत्म होने वाला और ग्रैंड स्लैम इतिहास के सबसे देर से समाप्त होने वाले मुकाबलों में से एक रहा।
गौरतलब है कि शेल्टन के लिए यह किसी ग्रैंड स्लैम में अब तक का सबसे शानदार प्रदर्शन है। इससे पहले वह पिछले साल ऑस्ट्रेलियाई ओपन के सेमीफाइनल तक पहुंचे थे। अब वह अमेरिकी ओपन का खिताब जीतकर 23 साल के इंतजार को खत्म करना चाहेंगे।
अमेरिका के किसी पुरुष खिलाड़ी ने आखिरी बार 2003 में अमेरिकी ओपन का पुरुष एकल खिताब जीता था। तब एंडी रोडिक चैंपियन बने थे। इसके बाद से घरेलू दर्शक किसी अमेरिकी पुरुष खिलाड़ी को इस प्रतिष्ठित खिताब के साथ देखने का इंतजार कर रहे हैं। शेल्टन के फाइनल में पहुंचने से इस उम्मीद को फिर मजबूती मिली है।
हालांकि, आंकड़े ज्वेरेव के पक्ष में हैं। दोनों खिलाड़ियों के बीच अब तक पांच मुकाबले हुए हैं और हर बार ज्वेरेव ने जीत दर्ज की है। इनमें तीन मुकाबले हार्ड कोर्ट पर हुए हैं। दोनों की पिछली भिड़ंत पिछले साल म्यूनिख के फाइनल में हुई थी, जहां भी ज्वेरेव विजयी रहे थे।
मौजूद जानकारी के अनुसार, शेल्टन को पहली बार किसी बड़े खिताबी मुकाबले का दबाव झेलना होगा, जबकि ज्वेरेव के पास ऐसे मुकाबलों का अनुभव अधिक है। लेकिन अल्काराज को हराने के बाद शेल्टन का आत्मविश्वास काफी ऊंचा होगा। दूसरी ओर ज्वेरेव के सामने अपने अनुभव और लगातार अच्छे प्रदर्शन को खिताबी जीत में बदलने की चुनौती होगी।
बता दें कि शेल्टन विश्व रैंकिंग में नौवें स्थान पर हैं और जीत के साथ वह अमेरिकी पुरुष टेनिस के लिए नया इतिहास बना सकते हैं। वहीं ज्वेरेव की नजर अमेरिकी ओपन का पहला खिताब जीतने और इस साल का दूसरा ग्रैंड स्लैम अपने नाम करने पर है। ऐसे में न्यूयॉर्क का यह मुकाबला अनुभव और युवा जोश के बीच दिलचस्प टक्कर है।