कूच-राजबंशी समुदाय के नेता से मिले अमित शाह, चुनाव बाद पैकेज के ऐलान की संभावना !

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Feb 11, 2021

चिरांग। केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह बृहस्पतिवार को असम के चिरांग जिले में ग्रेटर कूचबिहार पीपुल्स एसोसिएशन (जीसीपीए) के प्रमुख अनंत रॉय के आवास पहुंचे। माना जा रहा है कि दोनों ने कूच-राजबंशी समुदाय के कल्याण से जुड़े मामलों पर चर्चा की। खुद को बंगाल में कूचबिहार शाही परिवार का वंशज बताने वाले रॉय ने पत्रकारों को बताया कि केन्द्रीय गृह मंत्री ने निचले असम और पड़ोसी राज्य में अच्छी खासी आबादी वाले कूच-राजबंशीसमुदाय की लंबित मांगों पर उनसे बातचीत की। उन्होंने कहा कि शाह ने भरोसा दिया है कि राज्य विधानसभा चुनाव के बाद कूच-राजबंशी समुदाय के लिए ‘पैकेज’ की घोषणा की जाएगी। रॉय ने कहा, ‘‘ बैठक में हमारी सभी लंबित मांगों पर चर्चा हुई और अब मैं यही कह सकता हूं कि कूच-राजबंशी समुदाय के अच्छे दिन आने वाले हैं।’’ 

उन्होंने कहा, ‘‘हम इसी धरती के हैं...फिर हम कैसे बाहरी हो सकते हैं?इसके अलावा, गृह मंत्रालय द्वारा हमे मूल निवासी घोषित किया गया है।’’ कूच-राजबंशी समुदाय सहित असम के पांच अन्य समुदाय लंबे समय ने अनुसूचित जाति का दर्जा देने की मांग कर रहे हैं। अनुसूचित जाति का दर्जा दिए जाने के संबंध में किसी तरह की प्रगति के सवाल पर रॉय ने कोई भी जानकारी देने से इनकार कर दिया। असम और पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा के साथ गठबंधन के सवाल पर रॉय ने स्पष्ट किया, ‘‘उनके संगठन को (समुदाय के) 18.50 लाख सदस्यों का समर्थन प्राप्त है, वह पहले ही राजग का हिस्सा है।’’

इसे भी पढ़ें: असम में अंतरिम बजट को पेश होने में देरी, जानें क्या है समय बदलने की वजह  

उन्होंने कहा कि वह एक अन्य समूह-नारायणी सेना- का भी नेतृत्व करते हैं जिसमें करीब एक लाख स्वयंसेवक हैं। जीसीपीए नेता ने आगे कहा कि कौशल विकास केंद्रकूच कमांडर-इन-चीफ बीर चिलराई के नाम से असम में स्थापित किया जाएगा। रॉय ने अपने समुदाय के लोगों से संयम रखने का आह्वान करते हुए कहा, ‘‘ हमें भरोसा दिया गया है कि निश्चित समय में हमारी मांगों को पूरा किया जाएगा। इससे अधिक कुछ नहीं कह सकता।’’ रॉय ने उम्मीद जताई कि पश्चिम बंगाल सरकार पड़ोसी राज्य में दर्ज विभिन्न मामलों को वापस ले लेगी, लेकिन उन्होंने इसकी विस्तृत जानकारी देने से मना कर दिया।

जीसीपीए के प्रमुख के अनुसार शाह को ‘‘पारम्परिक खाना परोसा गया, जिसमें पीठा और तिल के लड्डू शामिल थे और उन्हें खाना पसंद आया और उन्होंने और भी मांगा।’’ रॉय ने बताया कि उन्होंने दिल्ली यात्रा के दौरान शाह को उनके आवास पर आने का निमंत्रण दिया था। असम और पश्चिम बंगाल में अप्रैल और मई में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है।

प्रमुख खबरें

Delhi में सुरक्षा के कड़े इंतजाम, Metro स्टेशन बंद होने पर Supreme Court ने जताई चिंता

Sanju Samson के 82 रन से भारत ने West Indies के खिलाफ बनाया 249 रन का रिकॉर्ड स्कोर

Shanghai Masters से Novak Djokovic बाहर, Ben Shelton और Hubert Hurkacz जीते

INDIA गठबंधन ने President Droupadi Murmu से की मुलाकात, मतपत्र से चुनाव कराने की मांग