Arunachal Pradesh में चीन के कब्जे का दावा झूठा, भारतीय सेना ने खोली Deepfake Video की पोल

By अभिनय आकाश | Oct 26, 2026

भारतीय सेना ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक छेड़छाड़ किए गए वीडियो को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की है। इस वीडियो में झूठा दावा किया गया है कि चीन ने अरुणाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों पर कब्ज़ा कर लिया है और सीमा पर तैनात भारतीय सैनिकों को ज़रूरी सामान नहीं मिल रहा है। सेना ने इन आरोपों को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। सेना के अनुसार, यह वीडियो डिजिटल रूप से बदला गया है और इसमें एक वरिष्ठ सैन्य अधिकारी के नाम पर मनगढ़ंत बातें कही गई हैं। सेना के आधिकारिक फैक्ट-चेकिंग हैंडल, 'इंडियन आर्मी फैक्ट चेक' ने बताया है कि इस वीडियो में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल करके लिप-सिंकिंग और वॉयस क्लोनिंग की गई है। इससे ऐसा लगता है कि स्पीयर कॉर्प्स (3 कॉर्प्स) के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC), लेफ्टिनेंट जनरल गिरीश कालिया ने ये कथित बयान दिए हैं। वीडियो में इन दावों को इस तरह पेश किया गया है, जैसे कि यह किसी अधिकारी द्वारा की गई कोई 'लीक' हुई स्वीकारोक्ति हो। इससे भारत की सीमा सुरक्षा की स्थिति को लेकर भ्रम पैदा हो सकता है।

इसे भी पढ़ें: Arunachal Pradesh में झड़प की खबरों पर China की सफाई, कहा सीमा समझौतों का सख्ती से हुआ पालन

'इंडियन आर्मी फैक्ट चेक' हैंडल ने पोस्ट किया, "लेफ्टिनेंट जनरल गिरीश कालिया के नाम से मनगढ़ंत बयान जोड़कर एक डिजिटल रूप से बदली गई वीडियो फैलाई जा रही है। इसमें दावा किया गया है कि चीन ने अरुणाचल प्रदेश के असाफिला, लोंगजू और ताक्सिंग सर्कल पर कब्ज़ा कर लिया है और भारतीय सेना को ज़रूरी सामान नहीं मिल रहा है।" इसमें आगे कहा गया, यह भ्रामक वीडियो, मनगढ़ंत बयानों को भारतीय सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी द्वारा की गई 'लीक' हुई स्वीकारोक्ति के रूप में पेश करने की कोशिश करता है। वीडियो में #SyntheticGeneratedInformation (सिंथेटिक रूप से तैयार जानकारी) का इस्तेमाल करके लेफ्टिनेंट जनरल गिरीश कालिया के नाम पर झूठे बयान थोपे गए हैं।

इसे भी पढ़ें: चीन के खिलाफ ढाल बनेगा सियांग डैम, तो फिर अरुणाचल के 'Gen Z' क्यों कर रहे हैं बगावत? समझिए पूरी Inside Story
सेना ने कुपवाड़ा में 2023 की एक ब्रीफिंग से असली फुटेज का पता लगाया


सेना ने उस फुटेज का पता लगाया है जिसका इस्तेमाल भ्रामक क्लिप में किया गया था। यह फुटेज 27 अक्टूबर 2023 को जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा में हुई एक प्रेस ब्रीफिंग का है। उस समय, गिरीश कालिया (जो तब मेजर जनरल थे) 28 इन्फैंट्री डिवीजन के जनरल ऑफिसर कमांडिंग के तौर पर तैनात थे। यह मूल ब्रीफिंग कुपवाड़ा में नियंत्रण रेखा (LoC) के पास आतंकवाद-रोधी अभियानों और घुसपैठ की कोशिशों से जुड़ी थी। अधिकारी ने इस दौरान मिली सफलताओं के बारे में बताया, जिसमें घुसपैठ की 10 कोशिशों को नाकाम करना, 27 आतंकवादियों को मार गिराना और भारी मात्रा में युद्ध सामग्री व नशीले पदार्थों को जब्त करना शामिल था। इस ब्रीफिंग में ऐसा कोई बयान नहीं दिया गया था कि चीन ने अरुणाचल प्रदेश के इलाकों पर कब्जा कर लिया है, या भारतीय सैनिकों को जरूरी सामान मिलने में किसी तरह की रुकावट आ रही है। इसलिए, वायरल वीडियो में एक अलग सैन्य ब्रीफिंग के असली फुटेज का इस्तेमाल किया गया है और उसके साथ मनगढ़ंत बातें जोड़ दी गई हैं।

प्रमुख खबरें

MOSPI अप्रैल 2027 से ASUSE सर्वे करेगा, महिला उद्यमियों की चुनौतियों पर होंगे नए सवाल

Jasprit Bumrah और Rishabh Pant न्यूजीलैंड ए के खिलाफ तीसरे मैच में उतर सकते हैं

Kota में दो कोचिंग छात्रों की मौत, JEE अभ्यर्थी ने लगाया फंदा तो NEET छात्र की इलाज के दौरान गई जान

US Grand Prix 2026 में Kimi Antonelli ने दर्ज की जीत, Charles Leclerc को पीछे छोड़ा