Ashoka University के प्रोफेसर अली खान को SC से फिर मिली राहत, तरिम जमानत रहेगी जारी

By अभिनय आकाश | May 28, 2025

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को अशोका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर अली खान महमूदाबाद को दी गई अंतरिम जमानत की अवधि बढ़ा दी। कोर्ट ने कहा कि उनके बोलने और अभिव्यक्ति के अधिकार पर कोई बाधा नहीं आएगी। हालांकि, कोर्ट ने उन्हें निर्देश दिया कि वे महमूदाबाद से जुड़े मामलों के बारे में ऑनलाइन कुछ भी पोस्ट न करें। महमूदाबाद को अंतरिम जमानत दिए जाने के एक सप्ताह बाद सुप्रीम कोर्ट ऑपरेशन सिंदूर पर उनके विवादास्पद सोशल मीडिया पोस्ट के लिए उनकी गिरफ्तारी के खिलाफ याचिका पर सुनवाई कर रहा था।

पिछले हफ़्ते जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एन के सिंह की बेंच ने महमूदाबाद के खिलाफ़ दो एफ़आईआर में जांच पर रोक लगाने से इनकार करते हुए उनके पोस्ट को डॉग-व्हिसलिंग करार दिया था। कोर्ट ने राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों वाली तीन सदस्यीय एसआईटी गठित करने को कहा था, जिसमें एक महिला भी होगी। 

इसे भी पढ़ें: तमिलनाडु के विश्वविद्यालय में छात्रा के यौन उत्पीड़न का मामला: महिला अदालत ने आरोपी को दोषी पाया

अदालत ने उन्हें इस मामले से संबंधित मुद्दे पर कोई भी ऑनलाइन पोस्ट करने, कोई भी लेख लिखने या भाषण देने, या हाल ही में भारत पर हुए आतंकवादी हमले, जो कि भारतीय धरती पर एक आतंकवादी हमला था, या भारत की उस पर प्रतिक्रिया पर कोई भी टिप्पणी करने से भी रोक लगा दी थी।महमूदाबाद को भारतीय सशस्त्र बलों में महिला अधिकारियों के प्रति कथित रूप से अपमानजनक टिप्पणी करने के लिए हरियाणा राज्य महिला आयोग द्वारा जारी कारण बताओ नोटिस के 18 दिन बाद 18 मई को गिरफ्तार किया गया था।

प्रमुख खबरें

क्या केंद्र सरकार के आगे झुकी Meta? Arvind Kejriwal का दावा- बिना वजह भारत में रिस्ट्रिक्ट किया मेरा सोशल मीडिया अकाउंट

Health Tips: डायबिटीज मरीजों के लिए Jowar और Barley रोटी क्यों है जरूरी? जानें इसके फायदे

Love Horoscope For 6 August 2026 | आज का प्रेम राशिफल 6 अगस्त 2026 | प्रेमियों के लिए कैसा रहेगा आज का दिन

FCRA Amendment Bill 2026 पर सरकार और विपक्ष में तनातनी: संसद में गतिरोध बरकरार, विपक्ष ने संशोधन को बताया कठोर