By एकता | Mar 01, 2026
अक्सर रमजान के दौरान लोग दिन भर भूखा रहने के बाद इफ्तार में भारी, तला-भुना और बहुत ज्यादा मीठा खाना खा लेते हैं। यह आदत सेहत को नुकसान पहुंचाती है। मशहूर डॉक्टर मल्हार गणला ने सोशल मीडिया पर बताया है कि इफ्तार का असली मकसद सिर्फ पेट भरना नहीं, बल्कि शरीर में पानी, नमक और प्रोटीन की कमी को पूरा करना होना चाहिए। गलत खान-पान से न केवल एसिडिटी और सिरदर्द होता है, बल्कि अगले दिन सुस्ती और बेचैनी भी बनी रहती है। डॉक्टर ने इफ्तार के लिए एक सही वैज्ञानिक क्रम बताया है जिसे अपनाकर आप पूरे महीने फिट रह सकते हैं।
पानी और नमक लेने के तुरंत बाद भारी खाना न खाएं। मुख्य भोजन से पहले 10-15 मिनट का गैप जरूर दें। अगर आप सीधे तला-भुना या नॉनवेज खाने लगेंगे, तो आप जरूरत से ज्यादा कैलोरी ले लेंगे। यह छोटा सा ब्रेक शरीर को शांत करता है और आपको ओवरईटिंग यानी जरूरत से ज्यादा खाने से बचाता है।
ब्रेक के बाद अपने खाने में, क्लीन प्रोटीन जैसे 120-150 ग्राम ग्रिल्ड चिकन या अंडे शामिल करें। साथ ही चावल या रोटी जैसे अच्छे कार्बोहाइड्रेट लें। डॉक्टर गणला सलाह देते हैं कि समोसे और पकौड़ों जैसे ज्यादा तेल वाले खाने से बचें। इसकी जगह पकी हुई सब्जियां और सलाद खाएं। जो लोग इफ्तार के बाद वर्कआउट करते हैं, वे प्रोटीन शेक या ओट्स भी ले सकते हैं।
ज्यादातर लोग इफ्तार में पेट भरने के लिए बहुत ज्यादा मीठा खा लेते हैं। डॉक्टर के अनुसार, मीठा सिर्फ स्वाद के लिए थोड़ा सा खाना चाहिए, भूख मिटाने के लिए नहीं। मीठे को हमेशा खाने के अंत में रखें। तले हुए स्नैक्स और फ्रूट जूस से बचें क्योंकि ये शरीर में शुगर लेवल को एकदम से बढ़ा देते हैं।
सेहतमंद रहने के लिए इफ्तार से सहरी के बीच करीब 2.5 से 3.5 लीटर पानी या तरल पदार्थ पिएं। एक साथ बहुत सारा पानी पीने के बजाय धीरे-धीरे पिएं। अगर ज्यादा पसीना आता है, तो इलेक्ट्रोलाइट का इस्तेमाल करें। याद रखें, सही तरीका यही है: पहले खजूर और पानी, फिर थोड़ा ब्रेक, उसके बाद प्रोटीन और कार्ब्स वाला खाना और आखिर में जरा सा मीठा खाएं।