‘पसमांदा’ की बात भाजपा का ढकोसला, असली मकसद है ‘मुस्लिम मुक्त’ विधायिका: बसपा सांसद
By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 24, 2022
नयी दिल्ली। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के सांसद दानिश अली ने पसमांदा (पिछड़े) मुसलमानों से संपर्क साधने की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की कवायद को सत्तारूढ़ पार्टी का ‘‘ढकोसला’’ करार देते हुए रविवार को आरोप लगाया कि उसका असली मकसद ‘‘मुस्लिम मुक्त’’ विधायिका है। उन्होंने यह आरोप भी लगाया कि भाजपा ‘‘बहुसंख्यक तुष्टीकरण’’ में लगी हुई है और वह अल्पसंख्यकों के खिलाफ फर्जी मामले दर्ज करा रही है तथा उनके घरों पर बुलडोजर चलवा रही है। उत्तर प्रदेश के अमरोहा से लोकसभा सदस्य अली ने कहा कि विपक्षी दल और खासकर वे दल जिनको अल्पसंख्यक वोट करते आए हैं, उनकी यह नैतिक जिम्मेदारी है कि वे मुसलमानों के मुद्दों को उठाएं, लेकिन बहुसंख्यक तुष्टीकरण के इस दौर में वे ऐसा नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राजनीतिक विशेषज्ञों ने धर्मनिरपेक्ष दलों को यह विश्वास दिला दिया है कि अगर वे अल्पसंख्यकों के मुद्दों को उठाएंगे या उनकी बात करेंगे तो बहुसंख्यक समुदाय का वोट हासिल करने के संदर्भ में यह उनके लिए नुकसानदेह हो सकता है।’’
अली ने आरोप लगाया कि भाजपा ने इस कदर नफरत का माहौल पैदा कर दिया है कि लोगों का ध्यान असल मुद्दों से दूर चला गया है। बसपा सांसद ने कहा कि भाजपा तुष्टीकरण की बात करती है, लेकिन असल में वह बहुसंख्यक तुष्टीकरण कर रही है। उन्होंने कि भाजपा जिस मुस्लिम तुष्टीकरण का दावा करती रही है, उसकी हवा सच्चर कमेटी की रिपोर्ट ने निकाल दी। अली के अनुसार, ‘‘आज श्रीलंका में क्या हो रहा है? वहां भी बहुसंख्यक तुष्टीकरण हो रहा था। वही चीज यहां हो रही है...यह समय अर्थव्यवस्था पर ध्यान केंद्रित करने का है, लेकिन सरकार ध्रुवीकरण पर ध्यान केंद्रित किए हुए है।’’