By अंकित सिंह | Oct 23, 2026
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कार्यकर्ता सौरव दास, आशुतोष रांका और अजिंक्य शिंदे शुक्रवार को स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट (SEM) कोर्ट में पेश होने वाले हैं, जबकि दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच इस मामले की जांच कर रही है। क्राइम ब्रांच ने इन तीनों कार्यकर्ताओं को पूछताछ के लिए गुरुवार को बुलाया था, लेकिन वे पेश नहीं हुए। हालांकि शुक्रवार के लिए कोई नया नोटिस जारी नहीं किया गया है, फिर भी उनसे कहा गया है कि वे सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे के बीच जांच एजेंसी के सामने पेश हों।
यह घटनाक्रम तब सामने आया है जब SEM कोर्ट ने दास और रंका के पर्सनल और श्योरिटी बॉन्ड स्वीकार कर लिए, और शांति बनाए रखने तथा कानून का पालन करने के उनके लिखित वचन को दर्ज करने के बाद, उन्हें न्यायिक हिरासत से रिहा करने का आदेश दिया। SEM ऋतु राज ने दोनों कार्यकर्ताओं को 50,000-50,000 रुपये के पर्सनल और श्योरिटी बॉन्ड जमा करने का निर्देश दिया, जो जांच पूरी होने तक मान्य रहेंगे। उन्हें यह भी निर्देश दिया गया कि वे सुनवाई की हर तारीख पर पेश हों और अपने बॉन्ड तथा वचनों में बताई गई शर्तों का पालन करें।
दास और रंका ने लिखित वचन दिया है कि वे शांति भंग नहीं करेंगे और न ही सार्वजनिक व्यवस्था में कोई खलल डालेंगे। उन्होंने यह भी सहमति जताई है कि जब तक कानून के अनुसार जंतर-मंतर को आधिकारिक तौर पर अधिसूचित नहीं कर दिया जाता, तब तक वे वहां किसी विरोध-प्रदर्शन का आह्वान नहीं करेंगे। उन्होंने यह भी वचन दिया है कि भविष्य में कोई भी विरोध-प्रदर्शन संवैधानिक दायरे के भीतर ही किया जाएगा। उनकी रिहाई का आदेश देते हुए SEM अदालत ने कहा कि इस स्तर पर उन्हें और अधिक न्यायिक हिरासत में रखने की आवश्यकता नहीं लगती, खासकर तब जब उन्होंने इस अदालत के समक्ष लिखित वचन दे दिया है।