By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 06, 2022
कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा की देवी काली पर विवादास्पद टिप्प्णी से हिंदुओं की धार्मिक भावनाएं कथित तौर पर आहत होने को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की पश्चिम बंगाल इकाई ने बुधवार को उनकी (मोइत्रा की) गिरफ्तारी की मांग की। वहीं, मोइत्रा ने कहा कि वह ‘‘देवी की उपासक’’ हैं और भाजपा के ‘‘गुंडों’’ से नहीं डरतीं। उन्होंने कहा कि ‘‘सत्य को सहारे की जरूरत नहीं होती।’’ मोइत्रा ने भाजपा पर निशाना साधते हुए ट्वीट किया, ‘‘जय मां काली। बंगाली जिनकी पूजा करते हैं वह साहस की देवी हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ मैं काली की उपासक हूं। मैं किसी चीज से भयभीत नहीं हूं। ना ही आपके अज्ञान से, ना ही आपके गुंडों से, ना ही आपकी पुलिस से और खासतौर से आपके ‘ट्रोल्स’ से तो बिल्कुल भयभीत नहीं हूं। सत्य को सहारे की जरूरत नहीं होती।’’
भाजपा की पश्चिम बंगाल इकाई के अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा, ‘‘ सनातन हिंदू धर्म के नियमों के अनुसार, देवी काली की पूजा एक ऐसी देवी के रूप में कभी नहीं की जाती जो मदिरापान करती हों और मांस भक्षण करती हों। हिंदू सदियों से देवी काली को बुराई के खिलाफ शक्ति के प्रतीक के रूप में पूजते रहे हैं। उनकी (मोइत्रा की) टिप्पणियों से धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। हम देवी काली पर की गई टिप्पणी के लिए उन्हें गिरफ्तार करने की मांग करते हैं।’’ विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि राज्य भर में मोइत्रा के खिलाफ पुलिस को सैकड़ों शिकायतें दी गई हैं। भाजपा विधायक अधिकारी ने कहा, ‘‘तृणमूल कांग्रेस सरकार और राज्य पुलिस (भाजपा की निलंबित प्रवक्ता) नुपुर शर्मा के खिलाफ कार्रवाई के लिए बहुत सक्रिय रही है। लेकिन, उन्होंने महुआ मोइत्रा के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। भाजपा और तृणमूल कांग्रेस नेताओं के लिए अलग-अलग नियम नहीं हो सकते। हम 10 दिन इंतजार करेंगे और फिर अदालत का रुख करेंगे।’’ वहीं, तृणमूल कांग्रेस ने मोइत्रा के बयान से अपनी दूरी बना ली है और कहा कि वह इन टिप्पणियों का समर्थन नहीं करती।पार्टी ने ट्वीट किया, ‘‘ इंडिया टुडे कॉनक्लेव ईस्ट 2022 में महुआ मोइत्रा द्वारा देवी काली पर की गयी टिप्पणी एवं व्यक्त किये गये विचार उनके व्यक्तिगत हैं और पार्टी इस बयान से खुद को अलग करती है। तृणमूल कांग्रेस ऐसी टिप्पणी की कड़ी निंदा करती है।