By रेनू तिवारी | Jul 30, 2025
लोकसभा में मंगलवार को कई विपक्षी सदस्यों ने कहा कि पहलगाम आतंकी हमला ‘‘पूरी तरह से खुफिया और सुरक्षा विफलता’’ का नतीजा था। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सवालों से बच रही है और सच्चाई छिपा रही है। पहलगाम हमले और ऑपरेशन सिंदूर पर सदन में चर्चा के दौरान सरकार को घेरने की कोशिश करते हुए कांग्रेस समेत विभिन्न विपक्षी दलों के सांसदों ने दावा किया कि नरेन्द्र मोदी-नीत सरकार की विदेश नीति ‘विफल’ रही है, क्योंकि जी-20 और ब्रिक्स सहित किसी भी बड़े समूह ने इस घटना के बाद पाकिस्तान की निंदा करते हुए प्रस्ताव पारित नहीं किया।
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने ट्रंप की हालिया टिप्पणी का एक वीडियो ‘टैग’ करते हुए ‘एक्स’ पर लिखा, कल लोकसभा में प्रधानमंत्री ने हस्तक्षेप करते हुए मुख्य मुद्दे से ध्यान भटकाया। इसके बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने एक फिर अपना दावा दोहराया। रमेश ने कहा, प्रधानमंत्री अपने अच्छे दोस्त डोनाल्ड ट्रंप द्वारा अमेरिका, सऊदी अरब, कतर और ब्रिटेन में 30 बार किए गए दावों का स्पष्ट रूप से खंडन करने से क्यों इनकार कर रहे हैं? जवाब साफ़ है। नरेन्द्र मोदी बहुत कमज़ोर स्थिति में हैं और उन्हें बहुत कुछ छुपाना है।
कांग्रेस के मीडिया और प्रचार विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने कहा, ट्रंप, मोदी के इर्द-गिर्द सांप की तरह लिपटे हुए हैं। कल राहुल गांधी ने उन्हें इस झंझट से बाहर निकलने का एक बेहतरीन मौका दिया। बस इतना कहिए कि ट्रंप ‘युद्धविराम’ के बारे में झूठ बोल रहे है। सीधी बात है, है ना? लेकिन नहीं। उन्होंने कहा, मोदी को राहुल जी की सलाह मानने से ‘एलर्जी’ है। और लीजिए, आज सांप वापस आ गया है, पहले से कहीं ज़्यादा कसकर कुंडली मारे हुए।
पीएम मोदी के कान में कड़वी सच्चाई फुफकार रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने मंगलवार को लोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर पर विशेष चर्चा में हस्तक्षेप करते हुए कहा था कि दुनिया के किसी नेता ने भारत से सैन्य अभियान रोकने के लिए नहीं कहा था।