By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 16, 2022
नयी दिल्ली। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने रविवार को राष्ट्रीय राजधानी में कोविड-19 की कथित ‘कम’ जांच की चिंताओं को दूर करने की कोशिश के तहत दावा किया कि यहां पर आईसीएमआर की सिफारिश से तीन गुना अधिक नमूनों की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि जिनकी जांच करने की जरूरत है उनकी जांच की जा रही है। केंद्र सरकार के नए दिशा निर्देश के मुताबिक बिना लक्षण वाले लोगों को जांच कराने की जरूरत नहीं है। साथ ही प्रयोगशाला की जांच में कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए व्यक्तियों के संपर्क में आए लोगों को भी तबतक जांच कराने की जरूरत नहीं है जबतक उन्हें कोई सहरूगण्ता नहीं है या उनकी उम्र 60 साल से अधिक नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘‘ अस्पतालों में भर्ती होने वालों की संख्या स्थिर है और कोविड-19 संक्रमण दर भी कम होगी। दिल्ली सरकार द्वारा लगाई गई पाबंदियों का असर कोविड-19 के प्रसार पर हुआ है। हम पाबंदियों की समीक्षा करने से पहले तीन-चार दिन स्थिति की निगरानी करेंगे।’’ जैन ने शनिवार को कहा था कि ऐसा लगता है कि राष्ट्रीय राजधानी में कोविड-19 महामारी अपने चरम पर पहुंच चुकी है और जब संक्रमण के मामले घटकर 15 हजार तक आ जाएंगे तो सरकार पाबंदियों में ढील देने पर विचार करेगी। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक दिल्ली में शनिवार को कोविड-19 के 20,718 नए मामले और 30 मरीजों की मौत दर्ज की गई जबकि संक्रमण की दर 30.64 प्रतिशत दर्ज की गई।