By एकता | Jan 04, 2026
वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की गिरफ्तारी के बाद देश में सियासी संकट गहरा गया है। वेनेजुएला की अदालत ने 56 वर्षीय डेल्सी रोड्रिग्ज को देश का अंतरिम राष्ट्रपति नियुक्त करने का आदेश दिया है।
पद संभालने से पहले, रोड्रिग्ज ने टेलीविजन पर लाइव संबोधन दिया, जिसमें उन्होंने अमेरिकी सेना के 'मिडनाइट ऑपरेशन' की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने मादुरो और उनकी पत्नी की तत्काल रिहाई की मांग करते हुए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को चेतावनी दी कि वेनेजुएला अपनी संप्रभुता और प्राकृतिक संसाधनों की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है। रोड्रिग्ज ने स्पष्ट किया कि मादुरो ही देश के एकमात्र वैध नेता हैं।
दूसरी ओर, हिरासत में लिए गए निकोलस मादुरो को अमेरिका ले जाया जा चुका है। ताजा जानकारी के अनुसार, उन्हें न्यूयॉर्क की एक फेडरल जेल (मेट्रोपॉलिटन डिटेंशन सेंटर) में रखा गया है। उम्मीद जताई जा रही है कि सोमवार को उन्हें पहली बार मैनहट्टन की फेडरल कोर्ट में पेश किया जाएगा। इस बीच, वॉशिंगटन से आ रहे बयानों ने दुनिया भर में हलचल तेज कर दी है, क्योंकि अमेरिका अब सीधे तौर पर वेनेजुएला के प्रशासन में दखल दे रहा है।
फ्लोरिडा के मार-ए-लागो रिसॉर्ट में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़ा ऐलान किया। ट्रंप ने कहा कि वेनेजुएला को फिलहाल 'अस्थायी अमेरिकी नियंत्रण' में रखा जा रहा है। उन्होंने कहा, 'हम तब तक वहां का शासन चलाएंगे जब तक एक सुरक्षित और समझदारी भरा बदलाव नहीं हो जाता।' ट्रंप ने तर्क दिया कि वे वेनेजुएला को किसी ऐसे हाथों में जाने का जोखिम नहीं उठा सकते जो वहां की जनता के हित में काम न करे।