दीदी की सरकार 2025 से पहले गिर जाएगी, बंगाल में अमित शाह के भाषण ने दिला दी 2014 के मुल्ला मुलायम वाले बयान की याद, जानें क्या है इसके सिसायी मायनें

By अभिनय आकाश | Apr 15, 2023

 चार अप्रैल 2014 को मुजफ्फरनगर जिले के बरवर गांव में उस वक्त के उत्तर प्रदेश के प्रभारी और वर्तमान के गृह मंत्री अमित शाह का वो बयान कि अगर (नरेंद्र मोदी) मोदी जीते, 'मुल्ला' मुलायम की सरकार गिर जाएगी। बाद में लोकसभा चुनाव में बीजेपी गठबंधन को 80 में से ऐतिहासिक 73 सीटों पर जीत मिली। ठीक तीन साल बाद हुए विधानसभा चुनाव में भी बीजेपी ने पूरे दम खम के साथ राज्य की सत्ता पर कब्जा जमाया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बंगाल के दौरे पर थे। उनके एक बयान की खूब चर्चा हो रही है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अगले साल होने वाले चुनाव में भाजपा के लिए पश्चिम बंगाल की 42 लोकसभा सीटों में से 35 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करने का एकमात्र तरीका था कि भ्रष्ट दीदी-भतीजा सरकार" 2025 से आगे नहीं टिक पाए। शाह राज्य के अपने दो दिवसीय दौरे पर बीरभूम जिले के सिउरी में एक रैली को संबोधित कर रहे थे, यहां तक ​​कि पारा 40 डिग्री सेल्सियस को पार कर गया था। 

इसे भी पढ़ें: Nil Sasthi 2023: नील षष्ठी पूजा क्या है? यह क्यों किया जाता है? पश्चिम बंगाल में इसका क्या महत्व है? इस नीली पूजा के लिए अपेक्षित सावधानियां क्या-क्या हैं? जानिए

राजनीतिक विश्लेषकों ने कहा कि 42 में से 35 सीटें 80 फीसदी के करीब थीं। लेकिन देखना यह होगा कि बीजेपी इस लक्ष्य को धरातल पर कैसे हासिल कर पाती है। ममता पर निशाना साधते हुए शाह ने यह भी कहा कि अगला मुख्यमंत्री भाजपा का होगा और फिर रामनवमी जैसे मौकों पर कोई हिंसा नहीं होगी। ममता दीदी, आप सपना देख रही होंगी कि आपके बाद आपका भतीजा सीएम बनेगा। यहां से बीरभूम में, मैं कहता हूं कि अगला मुख्यमंत्री भाजपा से होगा। ट्रेलर 2024 (लोकसभा चुनाव) का होगा और उसके बाद रामनवमी पर कोई हिंसा नहीं होगी।

प्रमुख खबरें

Max Verstappen का Formula One में भविष्य पर सस्पेंस, जल्द ले सकते हैं चौंकाने वाला फैसला

Noida Airport पर बस आखिरी मंजूरी का इंतजार, 45 दिनों में शुरू होंगे Flight Operations

Indian Economy की ग्रोथ पर संकट के बादल, महंगा Crude Oil बढ़ा सकता है आपकी जेब पर बोझ

Tamil Nadu की सियासत में Thalapathy Vijay की एंट्री, Stalin-DMK को देंगे सीधी टक्कर?