By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jun 27, 2021
लखनऊ/ कानपुर देहात। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने रविवार को कहा कि उन्होंने सपने में भी कभी नहीं सोचा था कि वह देश के सर्वोच्च पद पर आसीन होंगे। कोविंद ने कानपुर देहात जिले के परौंख गांव (अपनी जन्मस्थली) में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘मैंने सपने में भी नहीं सोचा था कि मुझे देश के सर्वोच्च पद पर आसीन होने का सम्मान मिलेगा, लेकिन हमारी लोकतांत्रिक व्यवस्था ने ऐसा कर दिखाया।’’ राष्ट्रपति ने स्वतंत्रता सेनानियों और संविधान निर्माताओं को भी श्रद्धांजलि दी और कहा, ‘‘आज मैं जहां भी पहुंचा हूं, उसका श्रेय इस गांव की मिट्टी, इस क्षेत्र और आपके प्यार एवं आशीर्वाद को जाता है। बुजुर्गों को माता-पिता की तरह सम्मान देना हमारे संस्कार हैं और मुझे खुशी है कि हमारे परिवार में बड़ों को सम्मान देने की यह परंपरा अब भी जारी है।’’
कोविंद अपने पुराने परिचितों, विधायकों और भाजपा पदाधिकारियों सहित जनप्रतिनिधियों से भी बातचीत करेंगे। वह पुखरायां जाएंगे, जहां वह 60 से अधिक लोगों से मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति 28 और 29 जून को लखनऊ रहेंगे। राष्ट्रपति के कार्यक्रम के मुताबिक, वह सोमवार को कानपुर से पूर्वाह्न 10 बजकर 20 मिनट पर विशेष ट्रेन से लखनऊ के लिए रवाना होंगे और वह पूर्वाह्न 11 बजकर 50 मिनट पर लखनऊ रेलवे स्टेशन पहुंचेंगे। रेलवे स्टेशन से वह सीधे राजभवन आएंगे, जहां वह दोपहर का भोजन करेंगे। राज भवन में ही शाम छह बजे एक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश और अन्य गणमान्य लोग शामिल होंगे। कोविंद सोमवार रात को राजभवन में विश्राम करेंगे। वह मंगलवार को पूर्वाह्न साढ़े 11 बजे लोकभवन से भारत रत्न डॉक्टर भीमराव आंबेडकर मेमोरियल एवं सांस्कृतिक सेंटर की आधारशिला रखेंगे। इसके बाद, वह शाम साढ़े छह बजे लखनऊ हवाई अड्डे से दिल्ली के लिए रवाना हो जाएंगे।