By रेनू तिवारी | Oct 21, 2026
भारतीय शेयर बाजार में बुधवार को लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में कमजोरी का रुख देखने को मिला। बिकवाली के दबाव और वैश्विक स्तर पर बढ़ती अनिश्चितताओं के बीच बीएसई सेंसेक्स 143.21 अंक (0.19%) की गिरावट के साथ 73,709.69 अंक पर बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 77.60 अंक (0.34%) फिसलकर 22,811.35 अंक पर आ गया। बिजली, बैंक तथा वित्तीय शेयरों में बिकवाली तथा कच्चे तेल की ऊंची कीमत से निवेशकों की धारणा प्रभावित हुई। अमेरिकी बॉण्ड प्रतिफल में वृद्धि और विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की लगातार बिकवाली ने भी बाजार धारणा को प्रभावित किया। तीस शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 143.21 अंक यानी 0.19 प्रतिशत टूटकर 73,709.69 अंक पर बंद हुआ।
शुरुआती कारोबार में यह 23,120.90 अंक के उच्चस्तर गया, लेकिन बाद में फिसलकर दिन के निचले स्तर 22,702.85 अंक पर आ गया। सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में बजाज फाइनेंस, इटर्नल, ट्रेंट, एक्सिस बैंक, एनटीपीसी, मारुति सुजुकी इंडिया, इंडिगो, कोटक महिंद्रा बैंक, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, बजाज फिनसर्व, टाटा स्टील, टाइटन और भारतीय स्टेट बैंक प्रमुख रूप से नुकसान में रहीं।
वहीं, लाभ में रहने वाले शेयरों में एचसीएल टेक्नोलॉजीज, इन्फोसिस, टेक महिंद्रा, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, अल्ट्राटेक सीमेंट, भारती एयरटेल, पावरग्रिड, रिलायंस इंडस्ट्रीज, आईटीसी, आईसीआईसीआई बैंक और सन फार्मास्युटिकल्स शामिल हैं। इस बीच, 30,213 करोड़ रुपये के जियो प्लेटफॉर्म्स के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) को बुधवार को बोली के पहले दिन करीब तीन गुना अभिदान मिला। अबतक के सबसे बड़े सार्वजनिक निर्गम को खुलने के 100 मिनट के भीतर पूरी बोली मिल गयी।
इतनी तेजी से बोली प्राप्त करने वाला यह अबतक का पहला निर्गम है। जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लि. के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘भारतीय शेयर बाजार ने शुरुआती अच्छी बढ़त गंवा दी। कच्चे तेल की ऊंची कीमत और विदेशी संस्थागत निवेशकों की लगातार बिकवाली ने भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता को लेकर बनी उम्मीद को पीछे छोड़ दिया।’’ उन्होंने कहा कि महंगाई और लाभ मार्जिन पर दबाव को लेकर चिंता के साथ वाहन, वित्तीय, धातु और रियल एस्टेट क्षेत्रों में मुनाफावसूली हुई।
वहीं, बेहतर आय परिदृश्य और इस क्षेत्र में निवेशकों की नए सिरे से बढ़ती रुचि के बीच सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र अपेक्षाकृत मजबूत रहा। नायर ने कहा कि दूसरी तिमाही के मजबूत नतीजे और घरेलू संस्थागत निवेशकों का अच्छा निवेश बाजार को महत्वपूर्ण समर्थन दे रहे हैं। हालांकि, बाजार में व्यापक स्तर पर कमजोर रुख और विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली सतर्कता बरतने का संकेत देती है। एशिया के अन्य बाजारों में मिला-जुला रुख रहा।
दक्षिण कोरिया का कॉस्पी और जापान का निक्की बढ़त के साथ बंद हुए। वहीं, हांगकांग का हैंगसेंग और चीन के शंघाई एसएसई कम्पोजिट में गिरावट रही। यूरोप के प्रमुख बाजारों में दोपहर के कारोबार में तेजी का रुख था। अमेरिकी बाजार मंगलवार को बढ़त के साथ बंद हुए थे। वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड की कीमत 2.23 प्रतिशत बढ़कर 111 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को पार कर गई। शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने सोमवार को 1,148.64 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 3,201.19 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। बीएसई सेंसेक्स सोमवार को 876.37 अंक टूटकर 73,852.90 अंक पर बंद हुआ था। एनएसई निफ्टी 257.20 अंक के नुकसान के साथ 22,888.95 अंक पर रहा था। ‘विजयादशमी’ के मौके पर मंगलवार को शेयर बाजार बंद रहे थे।