महंगाई का डबल झटका: April Inflation Rate साल के शिखर पर, RBI ने भी दी बड़ी Warning

By Ankit Jaiswal | May 12, 2026

देश में महंगाई को लेकर एक बार फिर चिंता बढ़ती दिखाई दे रही है। अप्रैल महीने में खुदरा महंगाई दर में लगातार दूसरे महीने बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सांख्यिकी और कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार अप्रैल 2026 में खुदरा महंगाई दर बढ़कर 3.48 प्रतिशत पहुंच गई, जबकि मार्च महीने में यह 3.40 प्रतिशत थी। पिछले एक साल से अधिक समय में यह खुदरा महंगाई का सबसे ऊंचा स्तर माना जा रहा है।

ग्रामीण इलाकों में महंगाई का असर शहरों के मुकाबले ज्यादा देखने को मिला है। अप्रैल में ग्रामीण महंगाई दर 3.74 प्रतिशत रही, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह 3.16 प्रतिशत दर्ज की गई। विशेषज्ञों का मानना है कि खाद्य वस्तुओं और जरूरी सामानों की बढ़ती कीमतों का असर गांवों में ज्यादा महसूस किया जा रहा है।

अगर अलग-अलग वस्तुओं की बात करें तो चांदी के आभूषणों की कीमतों में सबसे ज्यादा तेजी देखने को मिली है। अप्रैल में चांदी के गहनों की महंगाई दर 144.34 प्रतिशत रही। हालांकि मार्च में यह आंकड़ा 148.42 प्रतिशत था। वहीं सोना, हीरा और प्लैटिनम आभूषणों की कीमतों में भी करीब 40.72 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

खाद्य पदार्थों में टमाटर की कीमतों में सबसे तेज उछाल आया है। अप्रैल में टमाटर के दाम सालाना आधार पर 35.28 प्रतिशत बढ़ गए। दूसरी ओर आलू और प्याज की कीमतों में गिरावट बनी हुई है। आलू की कीमतों में 23.69 प्रतिशत और प्याज में 17.67 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।

गौरतलब है कि निजी देखभाल और अन्य घरेलू सामानों की श्रेणी में भी महंगाई दर 17.66 प्रतिशत तक पहुंच गई है। वहीं परिवहन क्षेत्र में महंगाई लगभग स्थिर रही और इसमें मामूली गिरावट दर्ज की गई है।

भारतीय रिजर्व बैंक पहले ही संकेत दे चुका है कि आने वाले महीनों में महंगाई पर दबाव बढ़ सकता है। रिजर्व बैंक ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए खुदरा महंगाई का अनुमान 4.6 प्रतिशत रखा है। साथ ही पश्चिम एशिया में जारी तनाव, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और अल नीनो के कारण कमजोर मानसून जैसी आशंकाओं को भी महंगाई के लिए बड़ा खतरा बताया गया है।

आर्थिक जानकारों का कहना है कि अगर खाद्य कीमतों और ईंधन की लागत में इसी तरह बढ़ोतरी जारी रही तो आने वाले समय में आम लोगों की जेब पर और दबाव बढ़ सकता है। खासकर मध्यम वर्ग और ग्रामीण परिवारों के लिए घरेलू खर्च संभालना चुनौतीपूर्ण हो सकता है।

प्रमुख खबरें

Energy Shortage in Bangladesh: 8 बजे बंद होंगे शॉपिंग मॉल, संकट से निपटने के लिए मांगा भारत का Diesel Support

Lok Sabha की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, वंदे मातरम का हुआ गान, पीएम मोदी-अमित शाह रहे मौजूद

हूती विद्रोहियों का सबसे बड़ा हमला..सऊदी के जहाज को उड़ाया!

कर्नाटक विधानसभा में Food Safety Raid, थाली में मिले Cockroaches, मंत्रियों की सेहत से खिलवाड़