By अभिनय आकाश | Apr 18, 2026
रूस और यूक्रेन के बीच छिड़ा भीषण युद्ध अब एक ऐसे मोड़ पर खड़ा हो गया है जहां बारूद की गंध और भी ज्यादा तीखी होती नजर आ रही है। एक तरफ जहां आसमान से मौत बनकर मिसाइलें बरस रही हैं। वहीं दूसरी तरफ पश्चिमी देशों की मदद ने रूस का गुस्सा और ज्यादा बढ़ा दिया है। ताजा घटनाक्रम में ब्रिटेन ने यूक्रेन को सैन्य सहायता का अब तक का सबसे बड़ा कवच प्रदान किया है। जिसने क्रेमलीन की परेशानी पर बल डाल दिए हैं। लंदन की ओर से कीव को अत्याधुनिक ड्रोन की एक ऐसी खेप भेजी जा रही है जो युद्ध के मैदान में पासा पलटने का दम रखती है। यूक्रेन के रक्षा मंत्रालय ने इस बात की पुष्टि कर दी है कि ब्रिटेन द्वारा घोषित अब तक के सबसे बड़े ड्रोन पैकेज की पहली खेप फ्रंट लाइन पर पहुंचनी शुरू हो गई है। यह केवल कुछ 100 या हजार ड्रोन की बात नहीं है बल्कि साल 2026 के अंत तक यूक्रेन को करीब 1 लाख ड्रोन मिलने की उम्मीद है। इनमें स्ट्राइक ड्रोन से लेकर टोही और समुद्री ऑपरेशंस में काम आने वाले एडवांस गैजेट शामिल हैं।
वहीं स्कूटनीतिक तनातनी के बीच जमीन पर तबाही का मंजर दहला देने वाला है। बुधवार की काली रात यूक्रेन के लिए किसी भी कयामत से कम नहीं थी। रूस ने एक बार फिर अपनी ताकत का प्रदर्शन करते हुए कीव और उसके आसपास के इलाकों को निशाना बना दिया। यह पिछले दो सप्ताह का सबसे भीषण हवाई हमला बताया जा रहा है। राजधानी कीव की रात मिसाइलों की रोशनी और विस्फोटों की गूंज से थरा उठी। यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबियाहा के मुताबिक रूस ने करीब 700 ड्रोनों और दर्जनों बैलेस्टिक और क्रूज मिसाइलों के जरिए मौत का तांडव रचा। इस हमले का असर कितना भयावह था इसका अंदाजा हताहतों की संख्या से लगाया जा सकता है।