By रेनू तिवारी | Jul 20, 2026
फुटबॉल के महाकुंभ के समापन के बाद फीफा ने इस टूर्नामेंट के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को सम्मानित किया है। इस पुरस्कार समारोह में कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड बने और टूटे। फ्रांस के स्टार फॉरवर्ड कीलियन एमबाप्पे लगातार दो विश्व कप में ‘गोल्डन बूट’ (टूर्नामेंट में सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी) जीतने वाले दुनिया के पहले फुटबॉलर बन गए हैं। वहीं, चमचमाती ट्रॉफी उठाने वाली स्पेन की टीम ने व्यक्तिगत पुरस्कारों में भी अपना दबदबा कायम रखा।
सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर का ‘गोल्डन ग्लव’ पुरस्कार टूर्नामेंट में महज एक गोल गंवाने वाले स्पेन के युनाइ सिमोन ने जीता जबकि पाउ कुबारासी ने अपनी ही टीम के लामिन यमाल को पछाड़कर सर्वश्रेष्ठ युवा खिलाड़ी का पुरस्कार हासिल किया। फाइनल में अर्जेंटीना को स्पेन ने एक गोल से हरा दिया और लियोनेल मेस्सी एक भी गोल नहीं कर सके। मेस्सी को रिकॉर्ड तीसरी बार ‘गोल्डन बॉल’ मिलने की उम्मीद थी जो दो बार यह पुरस्कार जीत चुके हैं। लेकिन स्पेन को 2010 के बाद दूसरा खिताब दिलाने वाले कप्तान रौड्री को चुना गया। एमबाप्पे ने इस विश्व कप में कुल दस गोल किये और चार में सहायक रहे। मेस्सी ने आठ गोल किये और चार में सहायक रहे। विश्व कप के पिछले 12 मैचों में पहली बार मेस्सी गोल या सहायता नहीं कर सके। फ्रांस की टीम तीसरे स्थान के मुकाबले में इंग्लैंड से हार गई थी। मेस्सी ने अपने कैरियर में कभी भी ‘गोल्डन बूट’ नहीं जीता हालांकि आखिरी सप्ताह में वह दौड़ में सबसे आगे चल रहे थे।
एमबाप्पे और मेस्सी दोनों के सेमीफाइनल तक आठ आठ गोल थे लेकिन सहायता के मामले में मेस्सी एक गोल से आगे थे। एमबाप्पे ने इंग्लैंड से 4 . 6 से मिली हार में दो गोल दागे। वह जर्मनी के गर्ड म्यूलर (1970) के बाद विश्व कप में दस गोल करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए। एमबाप्पे ने 2022 में कतर में हुए विश्व कप में भी ‘गोल्डन बूट’ जीता था जब फ्रांस को फाइनल में अर्जेंटीना ने हराया था। ‘गोल्डन बॉल’ , ‘गोल्डन ग्लव’ और सर्वश्रेष्ठ युवा खिलाड़ी के पुरस्कार के लिये चयन फीफा के तकनीकी अध्ययन समूह द्वारा तैयार की गई सूची में से मीडिया के सदस्यों के वोट के आधार पर किया जाता है।