By Prabhasakshi News Desk | Jul 23, 2024
बेंगलुरु । वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किये गए केंद्रीय बजट 2024-25 को ‘‘निराशाजनक’’ करार देते हुए कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने मंगलवार को कहा कि राज्य की पूरी तरह से अनदेखी की गई है। उन्होंने कहा, ‘‘चूंकि निर्मला सीतारमण कर्नाटक से राज्यसभा सदस्य हैं, इसलिए हमें उम्मीद थी कि वह राज्य के साथ न्याय करेंगी और राज्य के हितों की रक्षा करेंगी, लेकिन उन्होंने कर्नाटक के लोगों को निराश किया और उनके साथ अन्याय किया।’’ सिद्धरमैया ने कहा, ‘‘इस बजट में निर्मला सीतारमण ने कर्नाटक को ‘चोंबू’ (लोटा) थमा दिया। कर्नाटक को कुछ नहीं दिया गया।
चंद्रबाबू नायडू और नीतीश कुमार को खुश रखने के लिए आंध्र प्रदेश और बिहार को विशेष अनुदान दिया गया है...28 राज्य और आठ केंद्र शासित प्रदेश हैं। कर्नाटक की पूरी तरह से अनदेखी की गई है।’’ उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश को छोड़कर दक्षिण भारत के किसी भी राज्य को कुछ नहीं मिला है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट पूर्व चर्चा में राजस्व मंत्री कृष्ण गौड़ा ने भाग लिया था, जिसमें राज्य ने कुछ मांगें रखी थीं, लेकिन उनमें से किसी को भी पूरा नहीं किया गया।
उन्होंने कहा कि 15वें वित्त आयोग ने राज्य के लिए 5,495 करोड़ रुपये के विशेष अनुदान की सिफारिश की थी। उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने इसे ‘‘सरकार बचाओ’’ बजट करार देते हुए कहा कि निर्मला सीतारमण ने कर्नाटक के लोगों को निराश किया है। उन्होंने कहा, ‘‘निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किया गया बजट केंद्र में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार को बचाने की कोशिश है। यह बजट केवल बिहार और आंध्र प्रदेश के उनके गठबंधन सहयोगियों को खुश करने पर केंद्रित है। बजट में, विपक्षी ‘इंडिया’ गठबंधन शासित राज्यों की अनदेखी की गई है। यह राजग के लिए बजट है और यह निंदनीय है।