By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 04, 2019
नयी दिल्ली। देश के खाद्य नियामक भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने बृहस्पतिवार को कहा कि खाद्य उद्योग जगत को एक जुलाई से नए पैकेजिंग नियमों का पालन सुनिश्चित करने की जरूरत है। प्राधिकरण के नए नियम खाने-पीने की चीजों को पुनर्चक्रण वाली प्लास्टिक और अखबारों में पैक करने पर प्रतिबंध लगाते हैं। इसमें खाने-पीने के सामान को लाने-ले जाने,भंडारण करने वाले और वितरण करने वाले थैलों में भी अखबार या पुनर्चक्रित प्लास्टिक का उपयोग नहीं किया जाना है।
स्याही और डाई के कैंसरजनक प्रभावों पर संज्ञान लेते हुए एफएसएसएआई ने इन नियमों के तहत अखबार में खाने-पीने वाली चीजों को बांधने पर भी रोक लगाई है। साथ ही खाद्य सामग्री की पैकेजिंग पर छापी जाने वाली स्याही के इस्तेमाल को भी भारतीय मानकों के अनरूप तय किया गया है।
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एफएसएसएआई के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पवन अग्रवाल ने एक बयान में कहा कि नए पैकेजिंग नियम भारत में खाद्य सुरक्षा को एक नए स्तर पर ले जाएंगे। उन्होंने कहा कि असंगठित क्षेत्र में इन नियमों के अनुपालन में दिक्कतें आ सकती हैं, लेकिन इसी को ध्यान में रखते हुए इन्हें लागू करने से पहले पर्याप्त समय दिया जा रहा है।
नए पैकेजिंग नियम एक जुलाई 2019 से प्रभाव में आएंगे। अग्रवाल ने बताया कि इस संबंध में सभी हितधारकों से बातचीत की जाएगी और ग्राहकों एवं कारोबारों के बीच व्यापक स्तर पर जागरुकता अभियान भी चलाया जाएगा।