By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Nov 05, 2026
(सागर कुलकर्णी) वाशिंगटन, चार नवंबर अमेरिका के मध्यावधि चुनाव में भारतीय मूल के उम्मीदवारों ने न केवल अमेरिकी कांग्रेस (संसद) में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है, बल्कि विभिन्न राज्यों की विधानसभाओं के चुनाव में भी उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। मिशिगन की प्रतिनिधि सभा में अल्पमत दल के नेता रणजीव पुरी (डेमोक्रेटिक पार्टी) ने शानदार जीत दर्ज की है और उन्हें सदन के अध्यक्ष पद का प्रमुख दावेदार माना जा रहा है। यदि वह इस पद पर चुने जाते हैं, तो वह मिशिगन की प्रतिनिधि सभा के अध्यक्ष बनने वाले भारतीय मूल के पहले अमेरिकी होंगे।
डेमोक्रेटिक पार्टी के कृष सुब्रह्मण्यम ने मिनेसोटा की सीनेट सीट पर अपने रिपब्लिकन प्रतिद्वंद्वी डस्टिन डुफॉल्ट को हराकर जीत दर्ज की। डेमोक्रेटिक पार्टी की लिसा कौल ने न्यूयॉर्क राज्य की सीनेट के निर्वाचन क्षेत्र संख्या 39 से जीत हासिल की। उन्होंने रिपब्लिकन पार्टी के रॉब रोलिसन को हराया।
डेमोक्रेटिक पार्टी की नबीला सैयद ने इलिनॉय की सीनेट के चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी की डार्बी हिल्स को हराकर बड़ी जीत दर्ज की। जेरेमी कूनी ने निर्वाचन क्षेत्र संख्या 56 से चौथी बार सीनेट का चुनाव जीता। उन्हें कोलकाता के एक अनाथालय से गोद लिया गया था।
उनकी मां ने न्यूयॉर्क राज्य में अकेले उनका पालन-पोषण किया। सैन्य सेवा का अनुभव रखने वाले इंजीनियर अमर मुकुंद ने मैरीलैंड की सीनेट के निर्वाचन क्षेत्र संख्या 39 से निर्विरोध जीत हासिल की। भारत में जन्मीं सबा हैदर ने इलिनॉय की प्रतिनिधि सभा के निर्वाचन क्षेत्र संख्या 84 से रिपब्लिकन पार्टी के ब्रायन स्कोपा को हराया।
यहूदी मां और हिंदू पिता की संतान केशा राम हिंसडेल ने वर्मोंट में सीनेट का चुनाव जीता। डेमोक्रेटिक पार्टी के निखिल गोयल ने भी वर्मोंट में सीनेट की एक सीट पर जीत दर्ज की। डेमोक्रेटिक पार्टी के अरविंद वेंकट पेनसिल्वेनिया की प्रतिनिधि सभा के लिए फिर से निर्वाचित हुए, जबकि ज्योत सिंह जॉर्जिया की विधायिका के लिए चुने जाने वाले भारतीय मूल के पहले अमेरिकी और पहले सिख अमेरिकी बने।
नॉर्थ कैरोलाइना की सीनेट में डेमोक्रेटिक पार्टी के मुख्य सचेतक जय चौधरी निर्वाचन क्षेत्र संख्या 15 से फिर से निर्वाचित हुए। डेमोक्रेटिक पार्टी की पूजा सेठी ने टेक्सास की प्रतिनिधि सभा के निर्वाचन क्षेत्र संख्या 47 से जीत हासिल की। वह राज्य की विधायिका में पहुंचने वाली भारतीय मूल की पहली अमेरिकी बनी हैं।
अमेरिका में भारतीय मूल के लोगों की अनुमानित आबादी 50 लाख से अधिक है। यह देश में एशियाई मूल के लोगों का दूसरा सबसे बड़ा समुदाय है।