By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 07, 2026
काहिरा, सात सितंबर (एपी) ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के नए प्रमुख मोहसिन रेजाई ने रविवार को कहा कि तेहरान होर्मुज जलडमरूमध्य के बाहर एक ‘‘प्रवेश निषिद्ध क्षेत्र’’ घोषित करने की योजना बना रहा है। इस क्षेत्र का उद्देश्य उन जहाजों को रोकना या उन पर निगरानी रखना होगा, जिनके बारे में ईरान को संदेह है कि वे होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर गुजरने की कोशिश कर रहे हैं। ईरान के सरकारी प्रसारक से बातचीत में रेजाई ने यह बात कही।
विशेषज्ञों ने इन मिसाइल हमलों को तनाव बढ़ाने वाला खतरनाक कदम बताया है। इससे पहले समुद्र में ईरान के हमलों का निशाना वाणिज्यिक जहाज रहे थे। रेजाई ने कहा कि नए क्षेत्र की घोषणा आने वाले दिनों में की जा सकती है।
उन्होंने कहा, ‘‘यह क्षेत्र अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी की सीमा से शुरू होगा, होर्मुज जलडमरूमध्य की ओर बढ़ेगा और इस तरफ से फारस की खाड़ी तक फैलेगा। जो भी जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने के इरादे से इस क्षेत्र में प्रवेश करेगा और जिसकी पहचान हो जाएगी, उसे हमारी प्रतिबंध सूची में डाल दिया जाएगा।’’ यह स्पष्ट नहीं है कि ईरान कई सप्ताह से जारी अमेरिकी नाकाबंदी की सीमा किस जगह को मानता है। अमेरिका ने यह नाकाबंदी ईरान के बंदरगाहों को निशाना बनाने और तेहरान को अपना तेल बाहर भेजने से रोकने के लिए की है।
अमेरिकी सेना ने कहा है कि 20 से अधिक युद्धपोत इस नाकाबंदी में मदद कर रहे हैं। रविवार तक इसके कारण 92 वाणिज्यिक जहाजों का मार्ग बदला गया है और तीन जहाजों को निष्क्रिय किया गया है। संघर्ष रोकने की बातचीत विफल होने के बाद अमेरिका ईरान पर आर्थिक दबाव बढ़ाने के लिए नए कदम उठा रहा है।
वहीं, रुक-रुककर जारी लड़ाई का फिलहाल कोई अंत नजर नहीं आ रहा है। इस बीच, ईरान जलडमरूमध्य से गुजरने की कोशिश कर रहे कुछ जहाजों पर हमले जारी रखे हुए है। युद्ध में होर्मुज जलडमरूमध्य तेहरान के लिए दबाव बनाने का एक महत्वपूर्ण साधन बन गया है।
यह युद्ध अमेरिका और इजराइल द्वारा 28 फरवरी को ईरान पर हमले किए जाने के साथ शुरू हुआ था। ईरान ने रविवार को इससे पहले दावा किया था कि उसने होर्मुज जलडमरूमध्य में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे एक अमेरिकी मानवरहित जहाज पर हमला किया। हालांकि, अमेरिकी सेना ने इस दावे को ‘‘पूरी तरह झूठ’’ बताया।