Chai Par Sameeksha: Bihar Voter List Updation के जरिये क्या देश में NRC लाने की हो रही है तैयारी

By अंकित सिंह | Jun 30, 2025

प्रभासाक्षी के साप्ताहिक कार्यक्रम चाय पर समीक्षा में इस सप्ताह हमने चुनाव आयोग के एक फैसले को लेकर चर्चा की जिसमें कहा गया है कि बिहार में चुनाव से पहले मतदाता सूची का गहन सर्वेक्षण किया जाएगा। इसके साथ ही हमने आरएसएस महासचिव दत्तात्रेय होसबले के बयान पर भी चर्चा की। हमेशा की तरह इस कार्यक्रम में मौजूद रहे प्रभासाक्षी के संपादक नीरज कुमार दुबे जी। चुनाव आयोग के फैसले को लेकर नीरज दुबे ने कहा कि मुझे नहीं लगता कि यह गलत है। हालांकि समय को लेकर सवाल उठाए जा सकते हैं।

इसे भी पढ़ें: नवंबर बाद नीतीश कुमार नहीं होंगे बिहार से CM, लिखकर दे सकता हूं, प्रशांत किशोर ने फिर किया दावा

उन्होंने कहा कि हमारा चुनाव आयोग प्रतिष्ठित है। टेक्नोलॉजी के जमाने में चुनाव आयोग समय के साथ आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। मतदाता सूची में फिर से नाम जुड़वाने के लिए चुनाव आयोग कुछ कागजात मांग रहा है इसलिए इसे एनआरसी का नाम दिया जा रहा है जो बिल्कुल भी सही नहीं है। समय कम है इसलिए काम में तेजी दिखानी होगी। चुनाव आयोग के सामने बड़ी चुनौती है। नीरज दुबे ने कहा कि चुनाव आयोग पूरी पारदर्शिता से यह सारा काम करने जा रहा है। अगर आपको कहीं दिक्कत होती है तो आप शिकायत कर सकते हैं। पूरी व्यवस्था पर सवाल उठाना ठीक नहीं है। एनआरसी को लेकर डर फैलाने की कोशिश होती है। यह बिल्कुल भी सही नहीं है। पिछले दिनों हमने देखा था कि कैसे संविधान को लेकर एक डर फैलाया गया था और भाजपा बहुमत से पीछे रह गई थी। ऐसे में अब एनआरसी को मुर्दा बनाया जा रहा है क्योंकि अगला चुनाव बंगाल में है असम में है जहां यह बड़ा मुद्दा है। बिहार में भी सीमांचल के क्षेत्र में एनआरसी बड़ा मुद्दा है इसलिए इसको लेकर चर्चा की जा रही है।

आरएसएस महासचिव दत्तात्रेय होसबले के बयान पर अब सियासत तेज है। इसको लेकर नीरज दुबे ने कहा कि जो लोग प्रस्तावना में जोड़े गए उन दोनों शब्दों को जायज ठहराने की कोशिश कर रहे हैं उन्हें यह भी बताना चाहिए कि जब पहली बार प्रस्तावना तैयार हुआ था तो इसमें उसे शामिल क्यों नहीं किया गया था। प्रस्तावना में यह शब्द आपातकाल के दौरान जोड़े गए थे जब विपक्ष नहीं था, विपक्ष के नेताओं को जेल में डाल दिया गया था, संसद में कोई चर्चा नहीं हुई थी। ऐसे में आज के समय में इन मुद्दों पर संसद में चर्चा हो जाए तो क्या दिक्कत है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि किसी विदेशी ने अपनी प्रस्तावना में संसोधन नहीं किया है लेकिन भारत में ऐसा किया गया है।

प्रमुख खबरें

Hindustan Zinc में Stake Sale की तैयारी, ₹80,000 करोड़ का Disinvestment Target पूरा करेगी सरकार

Womens Asia Cup से पहले Pakistan को बड़ा झटका, Najiha Alvi चोटिल होकर बाहर, Sadaf Shamas की हुई एंट्री

England Cricket में बड़ा बवाल, Nightclub के बाहर हथकड़ी में दिखे Brydon Carse टेस्ट मैच से बाहर

हरियाणा में Godrej Group का मेगा प्लान, 20,000 करोड़ के Investment से खुलेंगे 40,000 Jobs के नए द्वार