By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Oct 14, 2026
जल शक्ति मंत्रालय ने बुधवार को जल जीवन मिशन के दूसरे संस्करण और विकसित भारत-रोजगार और आजीविका गारंटी मिशन-ग्रामीण (वीबी-जी राम जी) कार्यक्रम के बीच बेहतर तालमेल की जरूरत पर जोर दिया तथा मंत्रालय ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए प्राथमिकता वाले पांच क्षेत्र तय किए हैं, जिनमें पेयजल के स्रोतों की वैज्ञानिक पहचान करना भी शामिल है। अन्य प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में जल जीवन मिशन योजनाओं को ग्राम पंचायत की योजनाओं के साथ जोड़ना, तकनीकी जांच और मंजूरी की व्यवस्था बनाना, विभागों के बीच आसानी से डेटा साझाकरण सुनिश्चित करना, और भौतिक प्रगति तथा जल सुरक्षा के नतीजों पर नजर रखने के लिए संयुक्त निगरानी प्रणाली बनाना शामिल है। जल शक्ति मंत्रालय ने बताया कि एक और दो सितंबर को आयोजित विभागीय सम्मेलन 2026 के बाद की बातचीत के तहत, पेयजल और स्वच्छता विभाग ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के साथ तीसरी वर्चुअल कॉन्फ्रेंस में प्राथमिकताओं की पहचान की।