नारियल और जैतून का तेल, कौन−सा है किसके लिए फायदेमंद

By मिताली जैन | Feb 28, 2020

यह तो हम सभी जानते हैं कि हेल्दी रहने के लिए सही ऑयल में खाना पकाना बेहद जरूरी है। आमतौर पर, मार्केट में कई तरह के तेल मिलते हैं और हर ऑयल दूसरे से बेहतर होने का दावा करता है। जिसके कारण यह समझना काफी मुश्किल हो जाता है कि आखिरकार किस ऑयल में खाना पकाया जाए। वैसे हेल्दी ऑयल की बात हो तो सबसे पहले नारियल तेल और ऑलिव ऑयल का नाम सामने आता है। अगर आपको भी इन दोनों में से किसी एक चुनना है, तो पहले आप इनसे होने वाले लाभों के बारे में जान लें−

नारियल तेल हेल्थ बेनिफिट

नारियल के तेल में ज्यादातर मध्यम−श्रृंखला−ट्राइग्लिसराइड्स (एमसीटीएस) नामक अणुओं के रूप में सैचुरेटिड फैट होता है। आमतौर पर माना जाता है कि सैचुरेटिड फैट हार्ट डिसीज का कारण बनता है, लेकिन नारियल के तेल में पाया जाने वाला सेचुरेटिड फैट अच्छे कोलेस्ट्रॉल (एचडीएल) को बढ़ाने में मदद करता है। इसके अलावा नारियल तेल का स्मोकिंग प्वाइंट ऑलिव ऑयल की तुलना में हाई होता है। आप नारियल के तेल को 350 डिग्री फ़ारेनहाइट तक गर्म कर सकते हैं, इसलिए हाई तापमान पर खाना पकाने के लिए यह एक अच्छा विकल्प है। इसके अलावा नारियल तेल में कुछ एंटीऑक्सिडेंट होते हैं, हालांकि जैतून के तेल की तुलना में यह उतना प्रभावी नहीं है।

ऑलिव ऑयल हेल्थ बेनिफिट

ऑलिव ऑयल में मोनोसैचुरेटेड और पॉलीअनसेचुरेटेड फैट होते हैं, जिन्हें हार्ट फ्रेंडली माना जाता है। जैतून के तेल में मौजूद मोनोअनसैचुरेटेड वसा भी आपके एलडीएल कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने में मदद कर सकता है। वहीं, जैतून के तेल का धूम्रपान बिंदु 280 डिग्री फ़ारेनहाइट है और इसे उच्च तापमान पर गरम नहीं किया जाना चाहिए। इतना ही नहीं, जैतून का तेल एंटी−ऑक्सीडेंट का एक समृद्ध स्त्रोत हैं। यह बायोअवेलेबल फेनोलिक कंपाउड से पैक होता है, जो डीएनए में ऑक्सीडेटिव डैमेज को कम करता है। साथ ही उच्च रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल को कम करता है।

इसे भी पढ़ें: लिवर ट्रांसप्लांट से जुड़ी यह बातें आपके लिए भी जानना है बेहद आवश्यक

कौन सा है बेहतर

अब सवाल यह उठता है कि कौन सा तेल कुकिंग के लिए बेहतर है। अध्ययनों से पता चलता है कि नारियल तेल की तुलना में जैतून का तेल स्वास्थ्यवर्धक है। सबसे पहले तो यह मेडिटरेनीअन डाइट का हिस्सा है, जिसे दुनियाभर में सबसे हेल्दी डाइट माना जाता है। मेडिटरेनीअन डाइट कई तरह के कैंसर, डायबिटीज, हार्ट रोग को दूर करने के साथ−साथ वजन कम करने में भी सहायक है। इसके अलावा नारियल तेल की तुलना में जैतून के तेल में अधिक अच्छे वसा मोनोअनसैचुरेटेड और पॉलीअनसेचुरेटेड वसा होते हैं।

मिताली जैन

प्रमुख खबरें

Karnataka के पूर्व सीएम Siddaramaiah का बड़ा फैसला, 2028 में नहीं लड़ेंगे विधानसभा चुनाव

Commonwealth Games 2026 में इतिहास दोहराने उतरेंगे Neeraj Chopra, चोट के बाद कर रहे हैं वापसी

Eva Grover के शॉकिंग खुलासे: आमिर खान के भाई Hyder Ali ने बिजली बिल भरने के लिए दूसरों के संग सोने को कहा

Nepal जाने वाले भारतीयों के लिए गुड न्यूज! अब ₹200 और ₹500 के नोट ले जा सकेंगे साथ