उत्तर प्रदेश की बड़ी खबरें: धान बिक्री हेतु अब तक 12.75 लाख किसानों द्वारा ऑनलाइन पंजीकरण कराया गया

By प्रेस विज्ञप्ति | Dec 28, 2021

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के योगी आदित्यनाथ सरकार में अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि प्रदेश में कल एक दिन में कुल 1,93,896 सैम्पल की जांच की गयी, जिसमें कोरोना संक्रमण के 80 नये मामले आये हैं। प्रदेश में अब तक कुल 9,23,44,421 सैम्पल की जांच की गयी हैं। उन्होंने बताया कि पिछले 24 घंटे में 11 तथा अब तक कुल 16,87,742 लोग कोविड-19 से ठीक हो चुके हैं। प्रदेश में कोरोना के कुल 392 एक्टिव मामले हैं। प्रसाद ने बताया कि कोविड वैक्सीनेशन का कार्य निरन्तर किया जा रहा है। प्रदेश में कल एक दिन में 14,25,758 डोज दी गयी। प्रदेश में कल तक पहली डोज 12,59,40,431 तथा दूसरी डोज 7,01,18,472 लगायी गयी हैं तथा अब तक कुल 19,60,58,903 डोज दी जा चुकी है। प्रसाद ने बताया कि कोविड संक्रमण अभी पूरी तरह समाप्त नही हुआ है। इसलिए सभी लोग कोविड अनुरूप आचरण करे। टीकाकरण के बाद भी कोविड प्रोटोकॉल का पालन अवश्य करें। किसी भी प्रकार की समस्या होने पर कोविड हेल्पलाइन 18001805145 पर सम्पर्क करे। 

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दौलतपुर निरीक्षण भवन के पुनरोद्धार हेतु 7.50 लाख रूपये अवमुक्तसिंचाई एवं जल संसाधन विभाग द्वारा दौलतपुर निरीक्षण भवन के पुनरोद्धार की परियोजना हेतु प्रावधानित धनराशि एक मुश्त बजट व्यवस्था 600 लाख रूपये में से 7.50 लाख अवमुक्त किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गयी है। इस संबंध में विशेष सचिव सिंचाई मुश्ताक अहमद की ओर से 24 दिसम्बर, 2021 को शासनादेश जारी करते हुए कहा गया है कि परियोजना का निर्माण कार्य समय से पूरा कराने के साथ ही धनराशि व्यय करते समय शासन द्वारा समय-समय पर जारी सुसंगत शासनादेशों का अनुपालन अनिवार्य रूप से किया जाये। स्वीकृत धनराशि का उपयोग स्वीकृत परियोजनाओं पर ही किया जाये। ऐसा न किये जाने पर किसी प्रकार की गड़बड़ी होने पर समस्त उत्तरदायित्व सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग का होगा। नियमानुसार समस्त आवश्यक वैधानिक अनापत्तियों एवं पर्यावरणीय क्लीयेंश सक्षमस्तर से प्राप्त करके निर्माण कार्य प्रारम्भ कराया जाये। इसके अलावा सक्षम स्तर से तकनीकि स्वीकृति प्राप्त होने के पश्चात ही कार्य शुरू कराया जाये। प्रस्तावित कार्यों में किसी प्रकार की डुप्लीकेसी न होने पाये।लौली निरीक्षण भवन के मरम्मत हेतु 17.39 लाख रूपये स्वीकृतसिंचाई एवं जल संसाधन विभाग द्वारा लौली निरीक्षण भवन के मरम्मत की परियोजना हेतु प्रावधानित धनराशि एक मुश्त बजट व्यवस्था 600 लाख रूपये में से 17.39 लाख रूपये अवमुक्त किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गयी है। इस संबंध में विशेष सचिव सिंचाई मुश्ताक अहमद की ओर से 24 दिसम्बर, 2021 को शासनादेश जारी करते हुए कहा गया है कि परियोजना का निर्माण कार्य समय से पूरा कराने के साथ ही धनराशि व्यय करते समय शासन द्वारा समय-समय पर जारी सुसंगत शासनादेशों का अनुपालन अनिवार्य रूप से किया जाये। स्वीकृत धनराशि का उपयोग स्वीकृत परियोजनाओं पर ही किया जाये। ऐसा न किये जाने पर किसी प्रकार की गड़बड़ी होने पर समस्त उत्तरदायित्व सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग का होगा। नियमानुसार समस्त आवश्यक वैधानिक अनापत्तियों एवं पर्यावरणीय क्लीयेंश सक्षमस्तर से प्राप्त करके निर्माण कार्य प्रारम्भ कराया जाये। इसके अलावा सक्षम स्तर से तकनीकि स्वीकृति प्राप्त होने के पश्चात ही कार्य शुरू कराया जाये। प्रस्तावित कार्यों में किसी प्रकार की डुप्लीकेसी न होने पाये।वित्तीय वर्ष 2021-22 में सरयू नहर परियोजना की चलित नहरों की क्षमता पुनर्स्थापना हेतु 05 करोड़ 85 लाख 26 हजार रूपये स्वीकृतसिंचाई एवं जल संसाधन विभाग द्वारा वित्तीय वर्ष 2021-22 में सरयू नहर परियोजना की चलित नहरों की क्षमता पुनर्स्थापना के कार्याें की परियोजना हेतु प्रावधानित धनराशि 2677.11 लाख रूपये में से 05 करोड़ 85 लाख 26 हजार रूपये परियोजना के कार्याें पर व्यय करने हेतु प्रमुख अभियंता एवं विभागाध्यक्ष सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग उत्तर प्रदेश लखनऊ के निर्वतन पर रखे जाने की स्वीकृति प्रदान की गयी है। इस संबंध में विशेष सचिव सिंचाई मुश्ताक अहमद की ओर से 24 दिसम्बर, 2021 को शासनादेश जारी करते हुए कहा गया है कि परियोजना का निर्माण कार्य समय से पूरा कराने के साथ ही धनराशि व्यय करते समय शासन द्वारा समय-समय पर जारी सुसंगत शासनादेशों का अनुपालन अनिवार्य रूप से किया जाये। स्वीकृत धनराशि का उपयोग स्वीकृत परियोजनाओं पर ही किया जाये। ऐसा न किये जाने पर किसी प्रकार की गड़बड़ी होने पर समस्त उत्तरदायित्व सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग का होगा। नियमानुसार समस्त आवश्यक वैधानिक अनापत्तियों एवं पर्यावरणीय क्लीयेंश सक्षमस्तर से प्राप्त करके निर्माण कार्य प्रारम्भ कराया जाये। इसके अलावा सक्षम स्तर से तकनीकि स्वीकृति प्राप्त होने के पश्चात ही कार्य शुरू कराया जाये। प्रस्तावित कार्याें में किसी प्रकार की डुप्लीकेसी न होने पाये। 

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वर्तमान वित्तीय वर्ष में अब तक 1722 मामलों का निस्तारण किया गयाउत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष ड़ॉ0 रामबाबू हरित ने आज इन्दिरा भवन लखनऊ में पत्रकारो से आयोग की कार्य प्रणाली से सम्बन्धित वार्ता की ।इस दौरान उन्होने बताया कि उत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति आयोग द्वारा प्रदेश में रह रहे अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लोगों के ओर से प्राप्त शिकायतों का अनुश्रवण और सुनवाई करके उसका सम्यक विधि एवं विधि पूर्वक समाधान किया जा रहा है। उन्होने बताया कि आयोग ने जनपद आगरा, आजमगढ़, औरैया, इटावा, कानपुरनगर, शाहजहॉपुर, अमरोहा में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के व्यक्तियों के साथ घटित घटनाओं का स्वतः संज्ञान लिया और वहॉ आयोग की टीम भेजकर स्थलीय जॉच करायी गयी और मामलों का नियमानुसार निस्तारण किया गयाउन्होने ने बताया कि आयोग में इस वर्ष 27 दिसम्बर 2021 तक कुल 6371 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुये जिनमें से 4649 मामले सम्बन्धित विभागों को निस्तारण हेतु भेजे गये। 1722 मामलों से सम्बन्धित विभागों से आख्याए मँगाकर आयोग द्वारा निस्तारण किया गया उन्होने बताया कि 31 अगस्त 2021 से आयोग में पूर्व से विचाराधीन 342 मामलों ओर 128 नये मामलो की सुनवाई की गयी सुनवाई के उपरान्त 347 मामलों का निस्तारण किया गया शेष 123 मामलों में अग्रिम सुनवाई नियत है। उन्होंने बताया कि आयोग द्वारा आर्थिक सहायता से सम्बन्धित मामलों का गम्भीरतापूर्वक संज्ञान लेकर उनका त्वरित निस्तारण कराया गया जिसके फलस्वरूप 85 प्रकरणों का निस्तारण करते हुये परिवारो को रू0 1,28,91,250.00 (रू0 एक करोड़ अट्ठाइस लाख इक्यानवे हजार दो सौ पचास मात्र) की धनराशि आर्थिक सहायता के रूप में उपलब्ध करायी गयी और उन्हे पुनर्वास की प्रकिया में शामिल किया गया। उन्होने बताया कि समाज कल्याण विभाग से प्राप्त आकड़ो के आधार पर वर्तमान वित्तीय वर्ष 2021-22 में अत्याचार से उत्पीड़ित अनुसूचित जाति एवं जनजाति के 23592 व्यक्तियों को रूपये 229,05 करोड़ की आर्थिक सहायता प्रदान की गयी। 

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पूर्वांचल विकास निधि (राज्यांश)उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशों के क्रम में पूर्वांचल विकास निधि (राज्यांश) के अन्तर्गत जनपद बलिया की 02 परियोजनाओं के क्रियान्वयन हेतु रू0 01 करोड़ 57 लाख 61 हजार की अवशेष धनराशि का आवंटन उ0प्र0 शासन द्वारा किया गया है। इस सम्बन्ध में आवश्यक शासनादेश उ0प्र0 शासन लोक निर्माण विभाग द्वारा जारी कर दिया गया है। इन 02 परियोजनाओं में जनपद बलिया में मनियर बांसडीह मार्ग पर छितौनी ग्राम से रसूलपुर होते हुए रामपुर तक मार्ग का नवनिर्माण कार्य (लम्बाई 4.00 किमी0) तथा बसन्तपुर अपाईल मार्ग से ग्राम अपाइल में परशुराम सिंह के डेरा से राजभर बस्ती होते हुए शिवपुर सुखपुरा मार्ग (लम्बाई 2.200 किमी0) के हैं। जारी शासनादेश में आवंटित धनराशि का उपयोगिता प्रमाण-पत्र बजट मैनुअल के प्राविधानों के अनुसार अनिवार्य रूप से उ0प्र0 शासन को प्रेषित किया जाय तथा अवशेष कार्यों को पूर्ण कराते हुये पूर्णता प्रमाण-पत्र एवं फोटोग्राफ्स शासन को उपलब्ध कराया जाय। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने निर्देश दिये हैं कि इन कार्यों में वित्तीय नियमों का अक्षरसः अनुपालन सुनिश्चित किया जाय तथा जारी शासनादेशों में उल्लिखित दिशा-निर्देशों का अनुपालन हर हाल में सुनिश्चित किया जाय।

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