By अंकित सिंह | Jul 02, 2025
पूर्व सांसद और समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता एस टी हसन ने बुधवार को कांवड़ यात्रा मार्ग पर स्थित भोजनालयों की धार्मिक पहचान करने में लगे कुछ हिंदू संगठनों की हरकतों की कड़ी निंदा की। उन्होंने ऐसी हरकतों को आतंकवाद के बराबर बताया। हसन ने कहा कि होटल कर्मचारियों और स्थानीय विक्रेताओं से उनके नाम बताने के लिए कहना और उन्हें अपने धर्म की पहचान के लिए कपड़े उतारने के लिए मजबूर करना, यह पहलगाम में आतंकवादियों द्वारा की गई हरकतों से अलग नहीं है। यह भी आतंकवाद का ही एक रूप है।" उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी घटनाएं खुलेआम हो रही हैं, जबकि उत्तराखंड सरकार आंखें मूंदे बैठी है।
उत्तराखंड सरकार ने राज्य में कांवड़ यात्रा मार्ग पर स्थित भोजनालयों के लिए खाद्य लाइसेंस या पंजीकरण प्रमाण पत्र को प्रमुखता से प्रदर्शित करना अनिवार्य कर दिया है। स्वास्थ्य सचिव एवं खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन आयुक्त आर राजेश कुमार ने बताया कि यात्रा मार्ग पर होटल व ढाबा मालिकों तथा ठेले और स्टॉल पर खाने-पीने की चीज़ें बेचने वालों को अपने लाइसेंस या पंजीकरण प्रमाण पत्र की साफ प्रति अपने प्रतिष्ठान में प्रमुख स्थान पर प्रदर्शित करनी होगी, ताकि उपभोक्ता उसे आसानी से देख सकें। छोटे व्यापारियों और ठेला-खोमचा मालिकों को भी अपने पंजीकरण प्रमाण पत्र अपने पास रखने और प्रदर्शित करने होंगे।