पाकिस्तान की अदालत ने ईसाई किशोरी को अभिभावकों को सौंपने का आदेश दिया

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Apr 11, 2019

लाहौर। पाकिस्तान की एक अदालत ने बुधवार को आदेश दिया कि उस ईसाई लड़की को उसके माता-पिता को सौंपा जाए जिसे अगवा करने के बाद फरवरी में उसका धर्म परिवर्तन कराया गया और फिर जिसकी शादी एक मुस्लिस युवक से करा दी गई। शालत मसीह (14) को पुलिस ने लाहौर उच्च न्यायालय में पेश किया। उसने बताया कि किशोरी को उसके शहर फैसलाबाद से अगवा किया गया और बाद में एक मुसलमान व्यक्ति को बेच दिया गया।

लड़की के पिता ने अदालत को बताया कि उसके इलाके में रहने वाले ईसाई समुदाय के कुछ लोगों ने उनकी बेटी को अगवा कर जफर इकबाल नामक व्यक्ति को बेच दिया था। डॉन ने पिता के हवाले से कहा,‘‘इकबाल ने जबर्दस्ती इस्लाम धर्म कबूल कराकर नाबालिग किशोरी से निकाह कर लिया।

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उसे 20 फरवरी को जामिया रिजवी मजहर-ए-इस्लाम फैसलाबाद ले जाया गया और उसका नाम आयशा रखा गया।’’ सुनवाई के दौरान न्यायाधीश तारिक सलीम शेख ने लड़की को परिजनों के सुपुर्द करने का आदेश सुनाया।

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