तेलंगाना की बजाए असम क्यों नहीं गए...अभिषेक मनु सिंघवी की दलील भी काम न आई, पवन खेड़ा को SC से नहीं मिली अग्रिम जमानत

By अभिनय आकाश | Apr 17, 2026

कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा को एक झटका लगा, जब सुप्रीम कोर्ट ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिनिकी भुइयां सरमा द्वारा दायर एक मामले में उनकी ट्रांजिट बेल की अवधि बढ़ाने से इनकार कर दिया और उन्हें इस मामले पर फैसला लेने के लिए असम की अदालत में जाने को कहा। यह घटनाक्रम सुप्रीम कोर्ट द्वारा उनकी उस अग्रिम ज़मानत पर रोक लगाने के दो दिन बाद सामने आया है, जो उन्हें तेलंगाना हाई कोर्ट ने दी थी। यह आदेश दो जजों की बेंच ने दिया, जिसमें जस्टिस जेके माहेश्वरी और जस्टिस अतुल एस. चंदुरकर शामिल थे। हालांकि, कोर्ट ने यह साफ किया कि उसका 15 अप्रैल का आदेश उस अधिकार-क्षेत्र वाले कोर्ट पर कोई बुरा असर नहीं डालेगा, जो कांग्रेस नेता की अर्जी पर फैसला करेगा।

न्यूज़ एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, बेंच ने कहा कि अर्जी पर फैसला करने वाला कोर्ट ट्रांजिट बेल देने या किसी और तरह के किसी भी आदेश से गलत तरीके से प्रभावित नहीं होगा। इसका मतलब है कि जब सक्षम कोर्ट के सामने अग्रिम ज़मानत (anticipatory bail) के लिए अर्जी दाखिल की जाएगी, तो वह कोर्ट उस अर्जी पर अपने हिसाब से फैसला करेगा, न कि किसी पिछले आदेश से प्रभावित होकर। कोर्ट ने आगे कहा, ऊपर कही गई बातों को देखते हुए, प्रतिवादी (respondent) को उचित कोर्ट में जाने की पूरी आज़ादी है। अगर कोर्ट काम नहीं कर रहा है, तो कोर्ट की रजिस्ट्री से गुज़ारिश की जा सकती है, और रजिस्ट्री कानून के हिसाब से काम करेगी। ऊपर कही गई बातों के साथ, यह अर्जी अब खत्म मानी जाएगी।

प्रमुख खबरें

IPL 2026 में खराब प्रदर्शन के बाद Hardik Pandya पर बड़ा अपडेट, CSK के साथ मेगा Swap की अटकलें

रोहित शर्मा के भविष्य पर दीप दासगुप्ता की दो टूक, World Cup तैयारी में न हो Confusion

Commonwealth Games: Namibia के खिलाफ भारतीय जोड़ी का Tie-Breaker में टूटा तिलस्म, अब सेमीफाइनल की राह कठिन

CWG 2026: Mirabai Chanu का ऐतिहासिक प्रदर्शन, 48kg भारोत्तोलन में गोल्ड जीतकर भारत को दिलाया गौरव