By अंकित सिंह | Oct 11, 2021
कोयले की कमी के कारण दिल्ली सहित विभिन्न राज्यों में बिजली संकट की आशंका जताई जा रही है। इसको लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक बार फिर से बड़ा बयान दिया है। केजरीवाल ने इस मुद्दे पर बोलते हुए कहा कि स्थिति गंभीर है और विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने इसके लिए केंद्र सरकार को पत्र लिखा है। केजरीवाल ने यह भी कहा कि हम सब मिलकर स्थिति को सुधारने के लिए काम कर रहे हैं। इससे पहले केजरीवाल ने कहा था कि कोयले की कमी के कारण राष्ट्रीय राजधानी के लोगों को बिजली संकट का सामना करना पड़ सकता है। हम केंद्र के साथ मिलकर पूरी कोशिश कर रहे हैं। हम नहीं चाहते किसी भी तरह की आपात स्थिति पैदा हो।
PM मोदी को लिखा था पत्र
अरविंद केजरीवाल ने फैलाया भ्रम: केंद्र
इस मुद्दे पर ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने बीएसईएस और टाटा पावर के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इस बैठक के बाद केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने बताया कि हमने आज सभी पदाधिकारियों की बैठक बुलाई थी। दिल्ली में जितनी बिजली की आवश्यकता है, उतनी बिजली की आपूर्ति हो रही है और होती रहेगी। आरके सिंह ने कहा कि बिना आधार के ये पैनिक इसलिए हुआ क्योंकि गेल ने दिल्ली के डिस्कॉम को एक मैसेज भेज दिया कि वो बवाना के गैस स्टेशन को गैस देने की कार्रवाई एक या दो दिन बाद बंद करेगा। आरके सिंह ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर भ्रम फैलाने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हमारे पास पर्याप्त स्टॉक है और बिजली का कोई संकट नहीं है।