Jan Gan Man: The Kerala Story के विरोध और बंगाल में इस फिल्म पर लगे प्रतिबंध ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिये हैं

By नीरज कुमार दुबे | May 10, 2023

फिल्म 'द केरल स्टोरी' के डिस्क्लेमर में इसे एक काल्पनिक संस्करण बताया गया है, इसलिए फिल्म को लेकर जिस तरह की राजनीति की जा रही है वह सर्वथा गलत है। पश्चिम बंगाल सरकार ने इस फिल्म पर प्रतिबंध लगा दिया है तो कुछ भाजपा शासित राज्यों में इसे टैक्स फ्री घोषित कर दिया गया है वहीं कुछ राज्यों में इस फिल्म पर अघोषित प्रतिबंध की वजह से सिनेमाघर मालिक इस फिल्म को लगाने से कतरा रहे हैं। सवाल उठता है कि यदि अब राजनीतिक दल या राज्यों के मुख्यमंत्री तय करेंगे कि कौन-सी फिल्म दिखाई जाये या कौन-सी नहीं तो केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड को बनाये रखने का औचित्य ही क्या है?

इसे भी पढ़ें: ममता बनर्जी ने The Kerala Story को किया बैन, गुस्से से आग बबूला हुए अनुराग कश्यप, कह डाली ये बड़ी बात

बहरहाल, जो लोग केरल की स्टोरी का विरोध कर रहे हैं उनको हम बता दें कि उनके विरोध ने इस फिल्म को पहले ही हफ्ते में सुपरहिट करवा दिया है। इस फिल्म ने समाज में खासकर लड़कियों में जागरूकता पैदा करने का जो काम किया है यह उसी की परिणति है कि सिनेमाघरों में जय श्री राम के नारे लग रहे हैं। वैसे तो भाजपा शासित कुछ राज्यों ने इस फिल्म को टैक्स फ्री घोषित कर दिया है लेकिन जरूरत इस बात की है कि इसे हर राज्य में टैक्स फ्री घोषित किया जाये ताकि किसी और लड़की को उस पीड़ा से ना गुजरना पड़े जिससे केरल की लड़कियां गुजरी थीं।

इसके अलावा, जिस तरह से कांग्रेस समेत तमाम विपक्षी दलों के नेता इस फिल्म का विरोध कर रहे हैं वह दर्शा रहा है कि जैसे 'द कश्मीर फाइल्स' का विरोध किया गया था उसी तर्ज पर 'द केरल स्टोरी' के विरोध की भी पटकथा पहले ही लिख ली गयी थी। 'द केरल स्टोरी' का विरोध यह भी दर्शाता है कि टूलकिट गैंग की सोच में कितना विरोधाभास है। अभी कुछ दिनों पहले गुजरात दंगों पर एक एजेंडा के तहत बनाई गयी बीबीसी डॉक्यूमेंट्री को टूलकिट गैंग से जुड़े लोग जबरन हर विश्वविद्यालय और हर मोहल्ले में दिखाने पर आमादा थे लेकिन अब 'द केरल स्टोरी' पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। देखा जाये तो केरल में आईएस विचारधारा की उपस्थिति और उसके पीड़ितों के होने की बात से इंकार करना सच को झुठलाने जैसा है। हैरानी इस बात पर भी है कि देशभर में जहां यह फिल्म पूरे उत्साह के साथ देखी जा रही है वहीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने तुष्टिकरण की राजनीति के चलते ‘द केरला स्टोरी’ के प्रदर्शन पर रोक लगाकर देश में एक नई बहस छेड़ दी है। इसलिए भारत के पीआईएल मैन के रूप में विख्यात वरिष्ठ अधिवक्ता श्री अश्विनी उपाध्याय ने कहा भी है कि अभिव्यक्ति की आजादी की दुहाई देने वाले आखिर अभिव्यक्ति की आजादी क्यों छीनने लग गये हैं?

प्रमुख खबरें

ICC T20 World Cup: Shafali Verma का बड़ा बयान, ऑस्ट्रेलिया को हराने का भरोसा, Semifinal पर नजर

Rajnath Singh का बयान अफवाहों का था जवाब, Operation Sindoor पर भ्रम फैलाने वालों को MoD ने दिया करारा जवाब

China के 109 मंजिला बुर्ज खलीफा से टकराया विमान, उड़ गए परखच्चे, Video

TET पेपर लीक पर सियासी घमासान, राहुल गांधी बोले- हर युवा असुरक्षित, ये भविष्य की चोरी है