By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 08, 2026
जयपुर, सात अगस्त राजस्थान मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को कई अहम नीतिगत फैसलों को मंज़ूरी दी, जिनमें नगरीय निकाय और पंचायती राज संस्थाओं के लिए ‘एक राज्य, एक चुनाव’ लागू करना और कृषि व औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने वाली नयी नीतियां शामिल हैं। इसके साथ ही सरकार ने राजस्थान राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनैतिक प्रतिनिधित्व) आयोग की सिफारिशें स्वीकार कर ली हैं। राज्य मंत्रिमंडल की शुक्रवार को हुई बैठक में यह फैसले किए गए।
उन्होंने कहा कि ये चुनाव अलग-अलग समय पर होने के कारण विकास कार्यों की गति पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। उन्होंने बताया कि राजस्थान राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनैतिक प्रतिनिधित्व) आयोग की अनुशंसाएं राज्य सरकार को मिल गई है। मंत्रिमंडल की बैठक में इन सिफारिशों को स्वीकार किए जाने के साथ ही नगरीय निकाय एवं पंचायत राज अधिनियम में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति वर्ग के साथ-साथ अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) आरक्षण का प्रावधान किए जाने का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
सिफारिशों के अनुमोदन के उपरांत अब इन वर्गों की सीटों के आरक्षण के लिए लॉटरी प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राठौड़ ने बताया कि कृषि एवं बागवानी क्षेत्र में निवेश को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से राजस्थान कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण नीति, 2026 का अनुमोदन किया गया है। उन्होंने बताया कि श्रीअन्न (मिलेट्स) को बढ़ावा देने के लिए ‘श्रीअन्न प्रमोशन एजेंसी’ की स्थापना भी की जाएगी।
संसदीय कार्य मंत्री ने बताया कि मंत्रिमंडल ने श्रमिक हितों की रक्षा के साथ-साथ व्यावसायिक एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों के सुव्यवस्थित संचालन के लिए राज्य में मजदूरी संहिता (राजस्थान) नियम, 2026 जारी करने की स्वीकृति दी है। इन नियमों में न्यूनतम मजदूरी एवं काम के घंटों को पारदर्शी तरीके से निर्धारित किया गया है। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने बताया कि राज्य के श्रम ढांचे को सरल और आधुनिक बनाने के लिए राजस्थान औद्योगिक संबंध नियम, 2026 का मंत्रिमंडल ने अनुमोदन किया है।
उन्होंने बताया कि वन क्षेत्र के बाहर हरित क्षेत्र को और अधिक विस्तार देने के लिए मंत्रिमंडल ने राज्य में ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट पॉलिसी लागू किए जाने की स्वीकृति दी है। इस नीति से राज्य में बंजर, परती भूमि एवं रेलवे, सड़कों के आस-पास की भूमि तथा सिंचित भूमि क्षेत्रों में ट्री कवर बढ़ाने में मदद मिलेगी। मंत्री ने बताया कि राज्य में अक्षय ऊर्जा उत्पादन को और गति देने के उद्देश्य से राजस्थान एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति, 2024 में मंत्रिमंडल ने संशोधन का अनुमोदन किया है।