हिन्दूवादी नेता को मंदिरों से सांई की मूर्ति हटाना पड़ा मंहगा, भेज दिया गया जेल

By संजय सक्सेना | Oct 03, 2024

लखनऊ-वाराणसी। मंदिरों में हिन्दू देवी-देवताओं के समकक्ष सांई बाबा की प्रतिमा या फोटो लगाया जाना एक आम बात है, लेकिन इसका विरोध भी कम नहीं होता है। हिन्दुओं का एक धड़ा ऐसा भी है जो सांईं को फकीर से अधिक कुछ नहीं मानता है। उसे तो इस बात की भी नाराजगी रहती है कि सांई के नाम के आगे ओम और पीछे राम लगाया जाना भी सोची समझी साजिश है ताकि हिन्दुओं को भ्रमित किया जा सके। वाराणसी में सांई बाबा की मंदिरों में मूर्ति लगाये जाने से आहत जब एक शख्स ने कई मंदिरों से सांई बाबा की मूर्तियों को उखाड़ कर गंगा जी में प्रवाहित कर दिया तो इस पर बवाल हो गया।

इसे भी पढ़ें: हाथरस भगदड़ कांड में भोले बाबा को बचा रही है योगी सरकारः मायावती

सोशल मीडिया पर अजय शर्मा का प्रतिमाओं को बहाने का दावा करने वाला बयान और मंदिर से साईं बाबा की मूर्ति को कपड़ों से ढंककर निकालकर ले जा रहे लोगों का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। चितईपुर पुलिस ने इस मामले में ऐक्शन लेते हुए अजय शर्मा को हिरासत में ले लिया है। अधिकारियों के आदेश पर हिरासत में लेने के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है। अजय शर्मा ने दो दिन पहले काशी के 14 मंदिरों से साईं बाबा की प्रतिमाएं गंगा नदी में बहाने का दावा करते हुए वीडियो जारी किया था। इसका साईं भक्तों ने काफी विरोध किया है।

अजय शर्मा ने जारी वीडियो में कहा था कि साईं बाबा की जगह पर देवी लक्ष्मी की मूर्ति स्थापित की जाएगी। शर्मा ने दावा किया कि सनातन धर्म में प्रेत पूजा मान्य नहीं है और मंदिरों में जो साईं बाबा की मूर्ति थी वो प्रेत मूर्ति थी। उन्होंने दावा किया था कि मूर्तियों को गंगा में प्रवाहित कर बाबा को मुक्ति दे दी गई है। अजय शर्मा ने दावा किया कि काशी के 14 मंदिरों से मूर्ति हटाई जा चुकी है और बाकी से भी हटाई जा रही है। वैसे अजय का कहीं विरोध हो रहा है तो कई लोग उसके इस कदम की सराहना भी कर रहे हैं।

प्रमुख खबरें

Air India के Top Level पर बड़ा फेरबदल, CEO Campbell Wilson का इस्तीफा, नए बॉस की तलाश तेज

Candidates Tournament: Tan Zhongyi की एक गलती पड़ी भारी, Vaishali ने मौके को जीत में बदला

Bishkek में पहलवान Sujit का Mission Gold, 7 साल का सूखा खत्म करने की बड़ी चुनौती।

Kerala, Assam, Puducherry में थमा चुनावी शोर, 9 April को अब जनता करेगी अपना फैसला