लॉकडाउन में ढील के बाद अब खुदरा मुद्रास्फीति नीचे आएगी : सीईए

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 13, 2020

नयी दिल्ली। मुख्य आर्थिक सलाहकार (सीईए) के वी सुब्रमण्यम ने भरोसा जताया है कि लॉकडाउन में ढील के बाद आगामी दिनों में खुदरा मुद्रास्फीति नीचे आएगी। उन्होंने कहा कि आपूर्ति की दिक्कतों की वजह से मुद्रास्फीति बढ़ी है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार जुलाई में खुदरा मुद्रास्फीति की दर बढ़कर 6.93 प्रतिशत हो गई है। मुख्य रूप से सब्जियों, दालों, मांस और मछली के दाम बढ़ने से खुदरा मुद्रास्फीति बढ़ी है। हालांकि थोक मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति जुलाई में 0.58 प्रतिशत घटी है। सुब्रमण्यम ने कहा, ‘‘यदि आप मुद्रास्फीति को देखें, तो यह मुख्य रूप से आपूर्ति पक्ष की दिक्कतों की वजह से है। हालांकि, स्थानीय स्तर पर लॉकडाउन में ढील के बाद ये बाधाएं दूर होंगी।’’

इसे भी पढ़ें: भाजपा सरकार पर प्रियंका का वार, बोलीं- UP में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस नहीं, ईज ऑफ डूइंग क्राइम है

सुब्रमण्यम ने कहा, ‘‘कुल मिलाकर थोक और खुदरा मुद्रास्फीति में अंतर आपूर्ति पक्ष के कारकों की वजह से है। ये दिक्कतें आगे दूर होंगी। ऐसे में खुदरा मुद्रास्फीति भी नरम पड़ेगी।’’ इस तरह की आशंका जताई जा रही है कि साल की शेष अवधि में खुदरा मुद्रास्फीति ऊपरी स्तर पर बनी रहेगी। इससे रिजर्व बैंक के पास नीतिगत दरों में कटौती की गुंजाइश नहीं रहेगी।

इसे भी पढ़ें: रिजर्व बैंक ने बैकों के लिए ऑडिट नियमों में संशोधन किया, जोखिम प्रबंधन प्रणाली में होगा सुधार

रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकान्त दास की अगुवाई वाली छह सदस्यीय मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) को 31 मार्च, 2021 तक वार्षिक खुदरा मुद्रास्फीति को चार प्रतिशत (दो प्रतिशत ऊपर या नीचे) पर रखने का लक्ष्य दिया गया है। हालांकि, अभी तक खुदरा मुद्रास्फीति रिजर्व बैंक के संतोषजनक दायरे में रही है। सिर्फ जुलाई में यह इसके पार गई है। जून में खुदरा मुद्रास्फीति 6.09 प्रतिशत पर थी। वहीं दूसरी ओर थोक मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति जून में शून्य से 1.81 प्रतिशत नीचे रही है। मई में यह शून्य से 3.37 प्रतिशत और अप्रैल में शून्य से 1.57 प्रतिशत नीचे थी।

All the updates here:

प्रमुख खबरें

नवजोत कौर का Rahul Gandhi पर अब तक का सबसे बड़ा हमला, आप इस कुर्सी के लायक नहीं हैं

Constipation Causes at Night: खराब Digestion से हैं परेशान, Dinner के बाद ये गलतियां बनती हैं कब्ज की जड़, बदलें अपना LifeStyle

Gautam Gambhir को Rajasthan Royals का मेगा ऑफर, क्या Team India का साथ छोड़ेंगे?

परमाणु डील पर झुका ईरान? खामनेई ने ट्रंप को दे दिया अब कौन सा नया ऑफर?